संयुक्त राष्ट्र का दावा, रूस ने यूक्रेन में मानवता के खिलाफ युद्ध अपराध किया
संयुक्त राष्ट्र के सहयोग से बने एक आयोग ने बताया है कि रूस ने यूक्रेन के बिजली नेटवर्क को निशाना बनाकर युद्ध अपराध किए हैं।
आयोग की इस रिपोर्ट में इन हमलों को "मानवता के खिलाफ अपराध" कहा गया है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि बिजली गुल होने से लोगों को पनाह लेने और इलाज पाने में कितनी दिक्कतें आईं।
सर्दियों के कड़ाके के मौसम में इन हमलों के कारण लाखों लोगों को बिना गर्मी और बिजली के रहना पड़ा था।
रूस के संयुक्त राष्ट्र मिशन ने कहा- निष्कर्ष मनगढ़ंत हैं
रूस ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया है। रूस के संयुक्त राष्ट्र मिशन ने कहा कि मॉस्को इस आयोग के काम करने के दायरे को नहीं मानता और इसलिए उसके निष्कर्षों को "मनगढ़ंत डेटा" पर आधारित बताकर रद्द कर दिया गया है।
इस जांच में 255 यूक्रेन के लोगों के बयान दर्ज किए गए थे, लेकिन रूस ने आयोग की तरफ से पूछे गए सवालों का कोई जवाब नहीं दिया है।
एक बार फिर सर्दियां आने वाली हैं, ऐसे में अगर ये हमले जारी रहते हैं तो आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है।