ट्रंप के बाद पुतिन भी जाएंगे चीन, जिनपिंग से करेंगे मुलाकात; किन मुद्दों पर होगी चर्चा?
क्या है खबर?
हाल ही में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चीन का अहम दौरा किया था। उनके अमेरिका लौटते ही रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी चीन जाने की योजना बना रहे हैं। वे 19 और 20 मई को चीन जाएंगे। रिपोर्ट के मुताबिक, इस दौरान पुतिन चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बैठक करेंगे। चीनी विदेश मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने बताया कि राष्ट्रपति जिनपिंग के निमंत्रण पर पुतिन 19 से 20 मई तक चीन की राजकीय यात्रा करेंगे।
बयान
किन मुद्दों पर होगी चर्चा?
रूसी विदेश मंत्रालय ने कहा, 'यह यात्रा 'अच्छे-पड़ोसी संबंध, मित्रता और सहयोग संधि' पर हस्ताक्षर की 25वीं वर्षगांठ के अवसर पर हो रही है, जो दोनों देशों के आपसी संबंधों का एक आधारभूत दस्तावेज है। पुतिन और जिनपिंग द्विपक्षीय एजेंडे के मौजूदा मुद्दों पर चर्चा करेंगे, रूस और चीन के बीच व्यापक साझेदारी और रणनीतिक सहयोग को और गहरा करने के तरीकों पर विचार-विमर्श करेंगे और प्रमुख अंतरराष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय मुद्दों पर अपने विचार साझा करेंगे।'
दौरा
कैसा होगा पुतिन का दौरा?
रूसी विदेश मंत्रालय ने बताया कि दोनों नेता 2026-27 के लिए 'रूस और चीन के शिक्षा वर्ष' के आधिकारिक उद्घाटन समारोह में भाग लेंगे। इसके बाद सर्वोच्च स्तर पर एक 'संयुक्त वक्तव्य' पर हस्ताक्षर करेंगे, साथ ही कई द्विपक्षीय अंतर-सरकारी, अंतर-विभागीय और अन्य दस्तावेजों पर भी हस्ताक्षर करेंगे। पुतिन चीन की स्टेट काउंसिल के प्रीमियर ली कियांग के साथ भी बैठक करेंगे, जिसमें व्यापार और आर्थिक सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की जाएगी।
ट्रंप का दौरा
15 मई को चीन दौरे से लौटे हैं ट्रंप
पुतिन ऐसे वक्त चीन जा रहे हैं, जब हाल ही में ट्रंप भी चीन दौरा खत्म कर लौटे हैं। बीते करीब एक दशक में ये किसी अमेरिकी राष्ट्रपति का पहला चीन दौरा था। इस दौरान ट्रंप का भव्य स्वागत हुआ, जिनपिंग उन्हें अपने गुप्त परिसर झोंगनानहाई में ले गए और दोनों नेताओं के बीच करीब 2 घंटे तक द्विपक्षीय बैठक हुई। इसमें ईरान युद्ध, टैरिफ, व्यापार, सेमीकंडक्टर समेत कई मुद्दों पर चर्चा हुई।
अहमियत
कितना अहम है पुतिन का दौरा?
पुतिन का दौरा ट्रंप जितना भव्य नहीं होगा, लेकिन इसका समय बहुत अहम है। ईरान युद्ध के चलते उपजी अनिश्चितता, यूक्रेन युद्ध, टैरिफ और वैश्विक आर्थिक हालात पुतिन के दौरे को अहम बना रहे हैं। रूस की ईरान से नजदीकी है और ट्रंप-जिनपिंग के बीच भी ईरान युद्ध को लेकर चर्चा हुई थी। वहीं, होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने के चलते इन तीनों देश समेत पूरी दुनिया प्रभावित हो रही है।