रूसी ड्रोन का कहर: खारकीव में 80 लाख किताबें स्वाहा, यूक्रेन की संस्कृति पर गहरा वार
यूक्रेन की किताबों की दुनिया को एक गहरा झटका लगा है। इस अगस्त में रूसी ड्रोन हमलों ने खारकीव शहर में एक बड़े वेयरहाउस को तबाह कर दिया। इन हमलों में 80 लाख किताबें नष्ट हो गईं, जो 'रानोक' कंपनी के कुल स्टॉक का 85 प्रतिशत से भी ज्यादा हिस्सा था। यह नुकसान सिर्फ कुछ किताबों का नहीं है बल्कि इससे पूरे देश की स्कूली किताबें भी खतरे में आ गई हैं। इन हमलों को यूक्रेनी भाषा और संस्कृति को जानबूझकर निशाना बनाने की एक बड़ी कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
विवाट और क्राप्की खोई हुई किताबों को दोबारा छाप रहे
इन हमलों के बावजूद 'विवाट' जैसे प्रकाशक और 'क्राप्की' जैसे नए प्रकाशक यूक्रेन की साहित्यिक विरासत को जीवित रखने के लिए संकल्पित हैं। वे खोई हुई किताबों को दोबारा छापने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं और स्वयं सहायता समूह (NGO) और अंतरराष्ट्रीय समर्थकों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। यूक्रेन की संस्कृति मामलों की उप-मंत्री बोहदाना लाईक, जो साहित्य और प्रकाशन से जुड़ा काम देखती हैं, उन्होंने कहा, "वे कीव के आसपास के वेयरहाउसों को इसलिए निशाना बना रहे हैं ताकि वे हमसे रोजमर्रा के जीवन की संभावना छीन सकें और किताबें रोजमर्रा के जीवन का ही एक हिस्सा हैं।"