यूक्रेन युद्ध से बदली रूस की प्राथमिकता, GDP का 7 प्रतिशत रक्षा बजट पर खर्च करेगा
यूक्रेन के साथ युद्ध के बीच रूस ने अपनी प्राथमिकता रक्षा और सैन्य तैयारियों के बीच स्थानांतरित कर ली है। वह अपने रक्षा खर्च को 2027 तक बढ़ाने की तैयारी में है।
बताया जा रहा है कि यह खर्च 27 प्रतिशत तक बढ़कर करीब 202.6 अरब डॉलर तक पहुंच जाएगा।
यह नया बजट रूस की सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का लगभग 7 प्रतिशत होगा। कोल्ड वॉर के बाद पहली बार ऐसा बड़ा रक्षा बजट बन रहा है, जो दिखाता है कि यूक्रेन युद्ध रूस के राष्ट्रीय निर्णयों पर कितना गहरा असर डाल रहा है।
रूस मिसाइल, ड्रोन और वाहनों में निवेश करेगा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रूस यह अतिरिक्त रकम मिसाइल, ड्रोन और बख्तरबंद गाड़ियां बनाने पर खर्च की जाएगी। इसके अलावा, सैनिकों की भर्ती और उनके वेतन के लिए भी इसका इस्तेमाल होगा।
रूस अभी कम तेल से होने वाली कमाई और बजट घाटे जैसी आर्थिक मुश्किलों से जूझ रहा है। इसके बावजूद वह यूक्रेन में युद्ध जारी रखने के लिए सैन्य खर्च को दोगुना करने पर जोर दे रहा है।
बता दें कि यूक्रेनी राष्ट्रपति वोडोडिमीर जेलेंस्की ने कहा था कि रूस की अर्थव्यवस्था भारत समेत अन्य देशों पर निर्भर है और युद्ध को रोकना है तो रूस के साथ तेल व्यापार खत्म करना होगा।