क्या उज्बेकिस्तान में चलेगा भारत का UPI? राघव चड्ढा ने की बड़ी मांग
उज्बेकिस्तान में आयोजित हुए युवा सांसदों के एक वैश्विक सम्मेलन में भाजपा नेता और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने भारत की डिजिटल प्रगति पर बात की। इसी दौरान उन्होंने एक महत्वपूर्ण सुझाव दिया कि भारत के यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) और उज्बेकिस्तान के UZQR को आपस में जोड़ा जाए। अगर यह मुमकिन हुआ, तो भारतीय यात्री विदेश में QR कोड स्कैन कर तुरंत भुगतान कर पाएंगे। इससे उन्हें करेंसी बदलने या पैसों के झंझट से मुक्ति मिलेगी।
चड्ढा ने डाटा की सस्ती उपलब्धता और निजता पर जोर दिया
चड्ढा ने बताया कि डिजिटल इंडिया अभियान की बदौलत जहां 2016 में UPI पर सिर्फ 90,000 लेनदेन होते थे, वहीं अब यह आंकड़ा 240 अरब से ऊपर पहुंच गया है। उन्होंने यह भी कहा कि आज मोबाइल डाटा काफी किफायती हो गया है। साल 2014 में जहां एक GB डेटा 269 रुपये में मिलता था, वहीं आज इसकी कीमत केवल 8 रुपये प्रति GB रह गई है। इस वजह से तकनीक सबकी पहुंच में आ गई है। निजता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि डिजिटल अधिकारों की सुरक्षा बेहद अहम है। युवाओं में यह क्षमता है कि वे नए विचारों को आगे बढ़ाएं, लेकिन उन्हें डाटा की सुरक्षा का भी पूरा ध्यान रखना चाहिए।