पाकिस्तान में बलूच विद्रोहियों ने 12 जगह हमलेे किए, 80 से अधिक की मौत
क्या है खबर?
पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में सशस्त्र बलूच विद्रोहियों ने कम से कम 12 अलग-अलग स्थानों पर हमला बोल दिया। हमलों में सुरक्षा बलों, पुलिस प्रतिष्ठानों और नागरिकों को निशाना बनाया गया था, जिसके बाद सेना और कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने जवाबी कार्रवाई की। हमले की जिम्मेदीर प्रतिबंधित बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) ने ली है। मुठभेड़ में 70 विद्रोही मारे गए हैं, जबकि अन्य पुलिसकर्मी और नागरिक शामिल हैं। पूरे प्रांत में अलर्ट जारी है।
हमला
पुलिस अधिकारी समेत 18 का अपहरण, कैदियों को छुड़ाया
समूह की ओर से दावा किया गया है कि उसने बलूचिस्तान के नौ जिलों में सैन्य ठिकानों, पुलिस और नागरिक प्रशासन के अधिकारियों को बंदूक और आत्मघाती बम विस्फोटों से निशाना बनाया है। क्वेटा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने समाचार एजेंसियों को बताया कि समूह ने एक उप जिला आयुक्त समेत 18 पुलिसकर्मियों का अपहरण किया है। साथ ही, एक जिला जेल से 30 कैदियों को छुड़ा लिया और उनके पास से हथियार और गोला-बारूद जब्त कर लिया।
हमला
बलूचिस्तान सरकार ने दिया बयान
बलूचिस्तान सरकार के प्रवक्ता शाहिद रिंद ने बताया कि विद्रोहियों ने क्वेटा, ग्वादर, मकरान, हुब, चमन, नसीराबाद और नुश्की सहित कई इलाकों में हमले किए थे, नागरिकों की मौत के बारे में जानकारी साफ नहीं है। संघीय सूचना मंत्री अताउल्लाह तरार ने कहा कि आतंकवादियों ने पुलिस चौकियों और फ्रंटियर कोर के ठिकानों को निशाना बनाया, लेकिन उन्होंने दावा किया कि सुरक्षा बल सतर्क थे और उन्होंने हमलों को नाकाम कर हमलावरों को पीछे हटने पर मजबूर कर दिया।
ट्विटर पोस्ट
बलूच विद्रोहियों का हमला
Baloch Rebel Group Balochistan Liberation Army seen taking control of the market in Quetta. Pakistan Army soldiers helpless under Asim Munir. pic.twitter.com/34K0jISb0X
— Aditya Raj Kaul (@AdityaRajKaul) January 31, 2026
बयान
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने भारत पर लगाया आरोप, प्रभावित इलाकों में इंटरनेट ठप
पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने कहा कि ये हमले "फितना अल-हिंदुस्तान" द्वारा किए गए थे। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने हमलों को नाकाम करने के लिए सुरक्षा बलों की प्रशंसा की और भारत पर अलगाववादियों को समर्थन देने का आरोप लगाया। बता दें, फितना-अल-हिंदुस्तान पाकिस्तान BLA के लिए इस्तेमाल करती है और आरोप लगाती है कि इसे पड़ोसी देश भारत का समर्थन प्राप्त है। प्रभावित इलाकों में इंटरनेट और यातायात ठप कर दिया गया है।