सऊदी अरब पर हूती हमलों से मुश्किल में फंसा पाकिस्तान, ईरान से कर रहा हूतियों पर लगाम लगाने की अपील
सऊदी अरब में यमन के हूती विद्रोहियों के हमले बढ़ने से पाकिस्तान मुश्किल में पड़ गया है। सऊदी और ईरान दोनों से अपने कूटनीतिक संबंधों को बनाए रखने के लिए उसने अलग कदम उठाया है।
पाकिस्तान ने ईरान से अपने यमनी विद्रोहियों पर लगाम लगाने को कहा है और सीधे सैन्य कार्रवाई करने के बजाय शांति बनाए रखने की अपील की है।
पाकिस्तान ने साफ कर दिया गया कि अभी हूती विद्रोहियों के खिलाफ किसी सीधी सैन्य कार्रवाई पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है।
बता दें कि पाकिस्तान सऊदी और तुर्की के साथ मक्का रक्षा समझौता गठबंधन का हिस्सा है, लेकिन ईरान से भी अच्छे संबंध है। उसने यह चेतावनी ईरान और सऊदी अरब दोनों के साथ अपने कूटनीतिक रिश्ते अच्छे बनाए रखने के लिए सावधानी से उठाया है।
शहबाज शरीफ, इशाक डार कूटनीति पर कर रहे हैं काम
फिलहाल, पाकिस्तान के नेता कूटनीति पर बहुत जोर दे रहे हैं। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने संयुक्त राष्ट्र में मक्का और मदीना के महत्व पर अपनी बात रखी।
वहीं, विदेश मंत्री और उपप्रधानमंत्री इशाक डार ईरान के साथ गैर-सैन्य विकल्पों पर लगातार चर्चा कर रहे हैं।
अभी तक, सऊदी के नेतृत्व वाले गठबंधन में पाकिस्तान की भूमिका सिर्फ एक सहयोगी और खुफिया जानकारी जुटाने तक ही सीमित है, वह सीधे लड़ाई में शामिल नहीं है।
इससे साफ है कि पाकिस्तान टकराव के बजाय बातचीत के जरिए मुद्दों को सुलझाना चाहता है।