ईरान ने खारिज किया अमेरिका का शांति प्रस्ताव, कहा- अपनी शर्तों पर खत्म करेंगे युद्ध
क्या है खबर?
ईरान ने अमेरिका के 15 सूत्रीय शांति समझौते को मानने से इनकार कर दिया है। उसने कहा कि वह अपनी शर्तों पर युद्ध समाप्त करेगा। यह दावा ईरान के सरकारी प्रेस टीवी ने एक अनाम वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया है। अधिकारी ने कहा कि ईरान अपनी मर्जी के समय ही युद्ध समाप्त करेगा, बशर्ते उसकी अपनी शर्तें पूरी हों, ईरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को युद्ध समाप्त होने का समय तय करने की अनुमति नहीं देगा।
बयान
मुआवजे और दोबारा युद्ध न करने की गारंटी की मांग दोहराई
अधिकारी के मुताबिक, ईरान ने अपनी पुरानी मांगों को दोहराया है, जिसमें दुश्मन की आक्रामकता को समाप्त करने, युद्ध की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए ठोस गारंटी स्थापित करने, ईरान में युद्ध से हुए नुकसान के लिए गारंटीशुदा भुगतान और मुआवजा देने और सभी मोर्चों पर युद्ध की पूर्ण समाप्ति की मांग की है। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य पर तेहरान की संप्रभुता को उसके प्राकृतिक और कानूनी अधिकार के रूप में मान्यता देने की मांग की है।
शर्त
अमेरिका ने ये रखी हैं शर्तें
ट्रंप ने बुधवार को बताया कि वाशिंगटन तेहरान में 'सही लोगों' से बातचीत कर रहा है। उन्होंने युद्धविराम के लिए ईरान के साथ 15 सूत्रीय समझौते का प्रस्ताव रखा है, जिसमें ईरान को अपनी परमाणु क्षमता खत्म करना होगा, परमाणु हथियार न बनाने की प्रतिबद्धता जतानी होगी, यूरेनियम संवर्धन नहीं होगा, लगभग 450 किलोग्राम यूरेनियम को अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) को सौंपना होगा, परमाणु संयंत्रों को नष्ट करना होगा और IAEA को ईरान के अंदर पूर्ण पहुंच देना होगा।
समझौता
पाकिस्तान करवा रहा मध्यस्थता
पाकिस्तान ईरान और अमेरिका के बीच शांति वार्ता की मेजबानी करेगा। ईरान ने इसके लिए सहमति दे दी है, जिसके बाद पाकिस्तान भी मध्यस्थता को राजी हो गया है। ईरान वार्ता शुरू होने से पहले अपना लिखित एजेंडा और मांगें पाकिस्तान को सौंपेगा। इन दस्तावेजों को अमेरिका के अधिकारियों के साथ साझा किया जाएगा। ईरान-अमेरिका के बीच वार्ता शुरू में अप्रत्यक्ष हो सकती है, जिसमें दोनों देशों के प्रतिनिधि एक-दूसरे के साथ सीधे बातचीत नहीं करेंगे।