ईरान: प्रदर्शनों में 36 की मौत, निर्वासित युवराज पहलवी ने की जनता से ये अपील
क्या है खबर?
ईरान में बढ़ती महंगाई और गंभीर आर्थिक संकट के खिलाफ भड़के विरोध प्रदर्शनों ने हिंसक रूप ले लिया है। अब तक 36 लोगों की मौत की खबर है। वहीं, पुलिस ने 1,000 से ज्यादा प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर लिया है। प्रदर्शनों के बीच ईरान के निर्वासित युवराज रजा पहलवी ने ईरानी जनता से कार्रवाई का आह्वान किया है। उन्होंने पहली बार जनता के लिए सीधा संदेश जारी कर अपील की है।
प्रदर्शन
कई शहरों में सड़कों पर लोग
राजधानी तेहरान समेत ईरान के कई शहरों में लोग सड़कों पर हैं। अब्दानान में हजारों प्रदर्शनकारियों ने 'शाह अमर रहें' के नारे लगाए। इन प्रदर्शनों की शुरुआत 28 दिसंबर को तेहरान से हुई थी, जो धीरे-धीरे पूरे पश्चिमी ईरान में फैल गया, जहां कुर्द और लोर अल्पसंख्यक समूह रहते हैं। यह ईरान में 2022-23 में हुए राष्ट्रव्यापी प्रदर्शनों के बाद सबसे बड़े प्रदर्शन हैं। इस बीच ईरानी मुद्रा रियाल का मूल्य फिर रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंच गया है।
अपील
पहलवी बोले- 8 और 9 जनवरी को एक साथ नारे लगाएं
ईरान के अंतिम शाह के पुत्र और निर्वासित युवराज रजा पहलवी ने पहली बार सार्वजनिक रूप से जनता से कार्रवाई का आह्वान किया है। उन्होंने कहा, "8 और 9 जनवरी को रात 8 बजे सभी एक साथ नारे लगाइए। चाहे सड़कों पर या अपने घरों में। आपकी प्रतिक्रिया के आधार पर आगे की रणनीति बनाई जाएगी।" इसके बाद सोशल मीडिया पर उनके समर्थन में नारे लगाते हुए कई वीडियो सामने आए हैं।
बयान
खामेनेई बोले- दुश्मन के सामने हरगिज नहीं झुकेंगे
ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह खामनेई ने कहा, "हम खुदा पर पूरा भरोसा करते हैं और उसी से उम्मीद लगाते हैं। हमें आवाम का साथ मिलने का यकीन है। इंशाल्लाह हम दुश्मन को घुटने टेकने पर मजबूर कर देंगे। दुश्मन के सामने हरगिज नहीं झुकेंगे।" उ्न्होंने भाषण में प्रदर्शन करने वाले 2 तरह के लोग बताए। एक शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे हैं, जिनसे बात करना जरूरी है। दूसरे वे जो दंगाई की शक्ल में हैं और अशांति फैला रहे हैं।
कदम
आर्थिक संकट से निपटने के लिए क्या कदम उठा रही है सरकार?
खामनेई ने कहा कि राष्ट्रपति और वरिष्ठ अधिकारी आर्थिक संकट को हल करने के लिए काम कर रहे हैं और प्रतिबंधों ने हालात कठिन बना दिए हैं। वहीं, राष्ट्रपति मसूद पेजेश्किया ने भी आर्थिक सुधारों का वादा किया है। उन्होंने कहा, "सब्सिडी व्यवस्था में बदलाव कर लोगों को सीधे पैसे देने की योजना 10 जनवरी से शुरू होगी। केंद्रीय बैंक के गवर्नर को भी बदला गया है। ये कदम मुद्रा स्थिर करेंगे और क्रय शक्ति बढ़ाएंगे।"
अमेरिका
ईरान को लेकर अमेरिका की योजना भी सामने आई
इससे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी जारी की थी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा था कि अगर ईरान शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की हिंसक हत्या करता है, जो कि उनकी आदत है, तो अमेरिका उनकी मदद के लिए आगे आएगा। हालांकि, ट्रंप ने यह स्पष्ट नहीं किया कि अमेरिका का हस्तक्षेप किस रूप में होगा। उन्होंने तत्काल किसी सैन्य या आर्थिक कदम की घोषणा भी नहीं की है।