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ईरानी राष्ट्रपति ने अमेरिका को चेतावदी दी, कहा- खामेनेई पर हमला पूर्ण युद्ध का कारण बनेगा
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने अमेरिका को चेतावनी दी है

ईरानी राष्ट्रपति ने अमेरिका को चेतावदी दी, कहा- खामेनेई पर हमला पूर्ण युद्ध का कारण बनेगा

लेखन गजेंद्र
Jan 19, 2026
09:27 am

क्या है खबर?

ईरान में विरोध-प्रदर्शन और अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव के बीच तेहरान ने चेतावनी दी है कि अगर उसके सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई पर हमला हुआ, तो यह पूर्ण युद्ध की घोषणा जैसा होगा। यह चेतावनी ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक धमकी के जवाब में दी, जिसमें ट्रंप ने प्रदर्शनकारियों को फांसी देने पर बुरा अंजाम भुगतने की बात कही थी। हालांकि, धमकी के बाद भी ईरान प्रदर्शनकारियों को फांसी दे सकता है।

बयान

राष्ट्रपति पेजेश्कियन ने क्या कहा?

राष्ट्रपति पेजेश्कियन ने एक्स पर ईरान में आर्थिक संकट के लिए अमेरिकी और उसके सहयोगियों को दोषी ठहराते हुए लिखा, 'अगर ईरान के लोगों को अपनी जिंदगी में मुश्किलों और कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, तो इसका एक मुख्य कारण अमेरिकी सरकार और उसके सहयोगियों द्वारा लंबे समय से चली आ रही दुश्मनी और अमानवीय प्रतिबंध हैं। हमारे देश के सर्वोच्च नेता के खिलाफ कोई भी हमला ईरानी राष्ट्र के खिलाफ पूरी तरह से युद्ध के बराबर होगा।'

फांसी

ईरान में जारी रह सकती हैं फांसी

ईरान की कोर्ट ने रविवार को संकेत दिया कि अशांति से संबंधित फांसी की सजा अभी भी जारी रह सकती हैं। कोर्ट के प्रवक्ता असगर जहांगीर ने कहा कि कुछ कृत्यों को "मोहारेब" के रूप में वर्गीकृत किया गया है, जो एक इस्लामी कानूनी शब्द है, जिसका अर्थ है 'ईश्वर के विरुद्ध युद्ध छेड़ना' और इसके लिए ईरानी कानून के तहत मृत्युदंड का प्रावधान है। जहांगीर ने कहा कि कई कार्यों को मोहरेब के रूप में पहचाना गया है।

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दंड

ट्रंप ने फांसी को लेकर दी थी धमकी

ट्रंप ने ईरान में फांसी की सजा को लेकर धमकी दी थी कि अगर प्रदर्शनकारियों की हत्या या फांसी जारी रही तो उन्हें हस्तक्षेप करना पड़ सकता है। हालांकि, शुक्रवार को उन्होंने एक सोशल मीडिया पोस्ट में ईरान के नेताओं को धन्यवाद देते हुए कहा कि उन्होंने 800 बंदियों की निर्धारित फांसी को रोक दिया है। बता दें कि ईरान में विरोध-प्रदर्शन में अब तक 5,000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 24,000 से अधिक गिरफ्तार हैं।

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