ईरानी विदेशी मंत्री बोले- IRIS डेना पर बिना चेतावनी हमले के लिए अमेरिका को पछतावा होगा
क्या है खबर?
ईरान के विदेश मंत्री सैय्यद अब्बास अराघची ने गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में ईरानी फ्रिगेट IRIS डेना पर अमेरिका द्वारा किए गए हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने घटना को 'समुद्र में अत्याचार' बताते हुए कहा कि यह जहाज भारतीय नौसेना के दौरे पर था और इसमें लगभग 130 नाविक सवार थे। विदेश मंत्री ने चेतावनी दी कि अमेरिका को बिना चेतावनी के हमला करने वाली ऐसी मिसाल कायम करने के लिए बहुत पछतावा होगा।
बयान
क्या बोले अराघची?
अराघची ने एक्स पर लिखा, 'अमेरिका ने ईरान के किनारे से 2,000 मील दूर समुद्र में एक ज़ुल्म किया है। फ़्रीगेट डेना, जो भारतीय नौसेना का मेहमान जहाज था, उसमें लगभग 130 नाविक थे। उस पर, बिना किसी चेतावनी के अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र हमला किया गया। मेरी बात याद रखना- अमेरिका को अपने मिसाल पर बहुत पछतावा होगा।' ईरान ने यह प्रतिक्रिया तब दी जब अमेरिकी पनडुब्बी ने IRIS डेना पर घातक टॉरपीडो हमला किया था।
हमला
हमले में कई लोगों के मारे जाने की संभावना
द्वितीय विश्व युद्ध के बाद टॉरपीडो द्वारा किसी दुश्मन जहाज को डुबोने की यह पहली घटना थी। यह हमला तब हुआ, जब फ्रिगेट (छोटा युद्धपोत) भारत में संयुक्त नौसैनिक अभ्यास से लौट रहा था। अमेरिका ने हमला हिंद महासागर में श्रीलंका के तट के पास अंतररराष्ट्रीय जलक्षेत्र में किया था। बताया जा रहा है कि हमले के बाद कम से कम 101 लोग लापता हैं। हमले में कई लोगों के मारे जाने की खबर है।