
टी-20 अंतरराष्ट्रीय में 2018 से स्पिनर्स के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं कोहली, जानें आंकड़े
क्या है खबर?
भारतीय क्रिकेट टीम का टी-20 विश्व कप में निराशाजनक प्रदर्शन जारी है। भारतीय टीम ने बीती रात लगातार दूसरा मैच गंवाया और अब उनकी सेमीफाइनल में जाने की उम्मीदें कम होती दिख रही हैं।
विराट कोहली के टी-20 अंतरराष्ट्रीय में आंकड़े काफी शानदार हैं, लेकिन पिछले कुछ सालों से वह स्पिनर्स के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं।
आइए जानते हैं 2018 से अब तक स्पिनर्स के खिलाफ टी-20 अंतरराष्ट्रीय में कैसे रहे हैं कोहली के आंकड़े।
औसत
स्पिनर्स के खिलाफ केवल 10.42 का है कोहली का औसत
जनवरी 2018 से अब तक की बात करें तो टी-20 अंतरराष्ट्रीय में कोहली को 17 बार तेज गेंदबाजों ने तो वहीं सात बार स्पिनर्स ने आउट किया है। 35 पारियों में कोहली अधिक बार तेज गेंदबाजों का शिकार बने हैं, लेकिन स्पिनर्स के खिलाफ उनकी औसत काफी निराश करती है।
तेज गेंदबाजों के खिलाफ 30.64 की औसत रखने वाले कोहली का स्पिनर्स के खिलाफ औसत मात्र 10.42 का है।
स्ट्राइक-रेट
स्पिनर्स के खिलाफ 100 से कम रही है कोहली की स्ट्राइक-रेट
टी-20 क्रिकेट में स्ट्राइक-रेट काफी अहम हो जाती है क्योंकि इसमें बल्लेबाजों के पास अधिक समय नहीं होता है। 2018 से अब तक कोहली की स्पिनर्स के खिलाफ स्ट्राइक-रेट 90.12 की रही है। तेज गेंदबाजों के खिलाफ यही स्ट्राइक-रेट 122.58 की रही है।
इन तीन सालों में कोहली ने स्पिनर्स के खिलाफ केवल एक ही छक्का लगाया है। दूसरी ओर तेज गेंदबाजों के खिलाफ वह 33 छक्के लगा चुके हैं।
लेग स्पिनर
लेग स्पिनर्स ने खूब किया है कोहली को तंग
पिछले तीन सालों के आंकड़े देखें तो लेग स्पिनर्स ने कोहली को खूब तंग किया है। 2018 से अब तक सात में से छह बार कोहली लेग स्पिनर्स का ही शिकार हुए हैं। तबरेज शाम्सी (चाइनामैन) को भी अगर जोड़ लें तो सातों बार कोहली लेग स्पिनर्स का शिकार बने हैं।
एडम जैंपा और आदिल रशीद ने कोहली को सबसे अधिक दो-दो बार आउट किया है। इन सात में तीन मैच कोहली ने दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया में खेले हैं।
क्या आप जानते हैं?
सात में से पांच बार कैचआउट हुए हैं कोहली
2018 से अब तक स्पिनर्स के खिलाफ कोहली सात में से पांच बार कैचआउट हुए हैं। एक बार वह पगबाधा और एक बार स्टंपिंग हुए हैं। इससे साफ पता चलता है कि वह स्पिनर्स के खिलाफ दबाव बनाने के चक्कर में आउट हो रहे हैं।