कंपनियां साइबर सुरक्षा और मंजूरी के लिए कर रहीं AI का इस्तेमाल
एक्चुअरीज इंस्टीट्यूट की एक नई रिपोर्ट में सामने आया है कि कंपनियां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल को केवल इसलिए अपनाती हैं क्योंकि उन्हें साइबर सुरक्षा और बाकी मंजूरी मिलना आसान होता है।
इसका मतलब यह नहीं है कि ये टूल सबसे बेहतरीन या सबसे ज्यादा काम के होते हैं। अक्सर ऐसा होता है कि ये टूल मौजूदा नियमों में तो आसानी से फिट हो जाते हैं, लेकिन जरूरी नहीं कि ये टीमों के काम करने के तरीके को सच में बेहतर बना पाएं।
हर प्रोजेक्ट के लिए अलग नियम बनाने की सिफारिश
रिपोर्ट सलाह देती है कि कंपनियों को AI से जुड़े नियम हर प्रोजेक्ट के हिसाब से बनाने चाहिए। उन्हें 'एक-सबके लिए' वाला तरीका नहीं अपनाना चाहिए।
इसमें यह भी बताया गया है कि तकनीकी गड़बड़ियों को पकड़ने और ग्राहकों की शिकायतों को निपटाने के लिए बेहतर तरीके होने चाहिए।
दरअसल, जितना ज्यादा ऑटोमेशन होगा, चीजों के गलत होने की संभावना भी उतनी ही ज्यादा होगी। जैसे-जैसे कामकाज में AI का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है, ऐसे में कड़े क्वालिटी चेक और विवादों का जल्दी निपटारा बहुत बड़ा बदलाव ला सकता है।