श्रीधर वेंबू ने तकनीकी बुनियाद मजबूत करने पर दिया जोर
जोहो के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्रीधर वेंबू का मानना है कि भारत को अपनी तकनीक बेहतर बनानी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमें सिर्फ चकाचौंध वाली आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के पीछे भागने के बजाय अपनी तकनीकी बुनियाद मजबूत करनी होगी।
अमेरिका द्वारा सुरक्षा चिंताओं के कारण कुछ एडवांस्ड AI मॉडल्स पर पाबंदी लगाने के बाद वेंबू ने कहा कि दूसरे देशों की तकनीक पर निर्भरता भारत को कमजोर बनाती है।
उन्होंने AI को 'क्षमताओं के एक पिरामिड का ऊपरी सिरा' बताया, जिसकी ज्यादातर बुनियादी चीजें हमारे पास नहीं हैं और जिनके बारे में हमें पता तक नहीं है। उनका मानना है कि असली आजादी तब मिलेगी, जब हम अपने देश में ही सस्ती और जरूरी तकनीक बनाएंगे।
राष्ट्रीय मिशन शुरू करने की मांग
वेंबू ने जापान का उदाहरण दिया और बताया कि कैसे उन्होंने अपनी तकनीक के लिए मजबूत बुनियाद तैयार की। वे चाहते हैं कि भारत में भी ऑपरेटिंग सिस्टम, प्रोसेसर और चिप बनाने के लिए एक राष्ट्रीय मिशन शुरू हो।
उनका मकसद है कि अगर, दुनिया के नियम फिर से बदलते हैं तो भारत किसी से पीछे न रहे। उनका साफ संदेश है कि सच्ची तकनीकी आजादी का मतलब है हर स्तर पर अपनी पकड़ बनाना, न कि सिर्फ दूसरों की बनाई चीजों का इस्तेमाल करना।