माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन, गूगल का कार्बन उत्सर्जन 20 फीसदी तक बढ़ा
माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन और गूगल ने मार्च को खत्म हुए वित्त वर्ष 2026 के आंकड़ों के मुताबिक, अपने कुल कार्बन उत्सर्जन में करीब 20 फीसदी की बढ़त दर्ज की है।
यह अब बढ़कर 11.9 करोड़ मीट्रिक टन कार्बन डाइऑक्साइड समतुल्य (CO₂e) तक पहुंच गया है। इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित क्लाउड सर्विसेस की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए नए डाटा सेंटर बनाना है।
इस भारी वृद्धि के बावजूद इन तीनों कंपनियों का कहना है कि वे अपने नेट जीरो लक्ष्यों पर कायम हैं। माइक्रोसॉफ्ट और गूगल ने 2030 तक और अमेजन ने 2040 तक इन लक्ष्यों को हासिल करने की बात कही है।
डाटा सेंटर और सप्लाई चेन की वजह से उत्सर्जन में बढ़ोतरी
आंकड़ों पर गौर करें तो माइक्रोसॉफ्ट के उत्सर्जन में 25 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसका मुख्य कारण नए डाटा सेंटर का निर्माण है।
गूगल के उत्सर्जन में 18 फीसदी का उछाल देखा गया, जो उसकी सप्लाई चेन में हुई बढ़ोतरी का नतीजा है, वहीं अमेजन के कुल उत्सर्जन में 16 फीसदी की वृद्धि हुई, जिसमें उसकी अपनी सप्लाई चेन का बड़ा योगदान रहा है। विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि ये सारा नया AI इंफ्रास्ट्रक्चर जल्द ही दुनिया की कुल बिजली का 1 फीसदी से ज्यादा इस्तेमाल कर सकता है।
यह बात हमें याद दिलाती है कि तकनीक की तरक्की हमेशा पर्यावरण के अनुकूल नहीं होती, भले ही कंपनियां अपने कार्बन फुटप्रिंट को कम करने के नए उपाय तलाश रही हों।