WIPO की शीर्ष-20 में पहुंची जियो प्लेटफॉर्म्स, इकलौती भारतीय कंपनी
रिलायंस इंडस्ट्रीज की तकनीकी शाखा जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड (JPL) ने वर्ल्ड इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी ऑर्गनाइजेशन (WIPO) की 2025 की पेटेंट को-ऑपरेशन ट्रीटी लिस्ट में 320 पायदानों की लंबी छलांग लगाई है। अब यह 20वें स्थान पर पहुंच गया है।
यह अकेला भारतीय तकनीकी कंपनी है, जिसने इस वैश्विक शीर्ष-20 में जगह बनाई है। यह कंपनी के जबरदस्त इनोवेशन को दिखाता है, खासकर तब, जब दुनियाभर में पेटेंट फाइलिंग में 1 फीसदी से भी कम की बढ़ोतरी हुई है।
दुनियाभर में दाखिल किए 6,817 पेटेंट
मार्च तक JPL ने दुनियाभर में कुल 6,817 पेटेंट फाइल किए हैं और उन्हें एक हजार से ज्यादा ग्रांट भी मिल चुके हैं। इनमें से 538 ग्रांट भारत में और 471 विदेश में मिले हैं।
कंपनी का खास ध्यान अगली जनरेशन की तकनीकों पर है, जिनमें 5G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI)-नेटिव नेटवर्क और क्लाउड-नेटिव प्लेटफॉर्म्स शामिल हैं।
प्रबंध निदेशक आकाश अंबानी ने इस उपलब्धि को जियो के डीप टेक इनोवेशन की ओर बढ़ते कदम का सबूत बताया। उन्होंने कहा कि यह भारत के उस लक्ष्य से भी मेल खाता है, जहां हम दुनिया को तकनीक निर्यात करने वाले बड़ा देश बनना चाहते हैं।