
ISRO ने फ्यूल सेल फ्लाइट का किया सफल परीक्षण, हाइड्रोजन से हुआ बिजली का उत्पादन
क्या है खबर?
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने आज (5 जनवरी) फ्यूल सेल फ्लाइट का सफल परीक्षण किया है।
ISRO ने कहा है कि इस परीक्षण का उद्देश्य पॉलिमर इलेक्ट्रोलाइट मेम्ब्रेन फ्यूल सेल का आकलन करना और अंतरिक्ष में संचालन और भविष्य के मिशनों के लिए सिस्टम के डिजाइन को सुविधाजनक बनाने के लिए डाटा एकत्र करना था।
बता दें, ईंधन सेल अंतरिक्ष स्टेशन के लिए आदर्श ऊर्जा स्रोत है, क्योंकि यह बिजली और शुद्ध पानी दोनों प्रदान करता है।
परीक्षण
किस तरह किया गया यह परीक्षण?
इस परीक्षण के लिए उच्च दबाव वाले जहाज पर संग्रहीत हाइड्रोजन और ऑक्सीजन गैसों से 180W बिजली उत्पन्न की गई।
इसने विभिन्न स्थैतिक और गतिशील प्रणालियों के प्रदर्शन पर पर्याप्त मात्रा में डाटा प्रदान किया जो विद्युत प्रणाली और भौतिकी का हिस्सा थे।
हाइड्रोजन ईंधन सेल शुद्ध पानी और गर्मी के साथ-साथ सीधे हाइड्रोजन और ऑक्सीजन गैसों से बिजली का उत्पादन करते हैं।
यह एक विद्युत जनरेटर है, जो बैटरी की तरह इलेक्ट्रोकेमिकल सिद्धांतों पर काम करता है।
ट्विटर पोस्ट
यहां देखिए पोस्ट
POEM-3 on PSLV-C58:
— ISRO (@isro) January 5, 2024
VSSC/ISRO successfully tests a 100 W class Polymer Electrolyte Membrane Fuel Cell on PSLV-C58's orbital platform, POEM3.https://t.co/f5SGqh1ZUR
Powering missions with efficiency and emitting only water, these fuel cells are the future for power production in… pic.twitter.com/lCbsZF9UIB