गूगल ने एंड्रॉयड ऑटोमोटिव का नया वर्जन किया लॉन्च, कारों में आएंगे कई स्मार्ट फीचर्स
क्या है खबर?
टेक दिग्गज कंपनी गूगल ने सॉफ्टवेयर-डिफाइंड गाड़ियों के लिए अपने एंड्रॉयड ऑटोमोटिव ओपन-सोर्स सिस्टम का नया वर्जन पेश किया है। पहले यह सिस्टम सिर्फ कार के इंफोटेनमेंट तक सीमित था, लेकिन अब इसे गाड़ी के अंदर के दूसरे कंप्यूटर सिस्टम तक बढ़ाया जा रहा है। इस कदम से गूगल कार इंडस्ट्री में सॉफ्टवेयर की बड़ी भूमिका निभाना चाहता है और गाड़ियों को ज्यादा स्मार्ट और कनेक्टेड बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
बदलाव
कारों में क्या बदलाव आएंगे?
इस नए सिस्टम के बाद कार में कई काम एक ही सॉफ्टवेयर से कंट्रोल किए जा सकेंगे। जैसे क्लाइमेट कंट्रोल, लाइटिंग और सीट एडजस्टमेंट भी अब इसी सिस्टम से जुड़ेंगे। इसके अलावा, वॉइस असिस्टेंट और तेज सॉफ्टवेयर अपडेट की सुविधा भी बेहतर होगी। इससे ड्राइवर को एक जैसा और आसान अनुभव मिलेगा और गाड़ी को इस्तेमाल करना पहले से ज्यादा सरल और स्मार्ट हो जाएगा, जिससे रोजमर्रा की ड्राइविंग और भी सुविधाजनक बन सकती है।
फायदा
ड्राइवर और कंपनियों को फायदा
गूगल का कहना है कि इससे कार कंपनियों का खर्च कम होगा और उन्हें बेहतर डिजाइन पर ध्यान देने का मौका मिलेगा। ड्राइवर के लिए भी गाड़ी एक डिजिटल लाइफ का हिस्सा बन जाएगी। इसमें मेंटेनेंस अलर्ट, डिजिटल की और पर्सनल प्रोफाइल जैसे फीचर्स मिलेंगे। इससे गाड़ी का इस्तेमाल आसान होगा और यूजर को समय-समय पर जरूरी जानकारी मिलती रहेगी, जिससे सुरक्षा और सुविधा दोनों में सुधार देखने को मिलेगा और अनुभव बेहतर होगा।
मुकाबला
दूसरी कंपनियों से मुकाबला
गूगल इस क्षेत्र में ऐपल से भी मुकाबला कर रही है, जो अपने कारप्ले फीचर को आगे बढ़ा रहा है। कई बड़ी कार कंपनियां पहले से एंड्रॉयड ऑटोमोटिव का इस्तेमाल कर रही हैं। गूगल अब रेनॉल्ट और क्वालकॉम जैसी कंपनियों के साथ मिलकर इस सिस्टम को और ज्यादा गाड़ियों में लाने की तैयारी कर रहा है। आने वाले समय में कारें और ज्यादा स्मार्ट बनेंगी और टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल तेजी से बढ़ेगा।