अब सर्कल टू सर्च से पहचान सकेंगे AI तस्वीरें, गूगल ने पेश किया नया फीचर
क्या है खबर?
गूगल ने I/O 2026 इवेंट के पहले दिन AI डिटेक्शन सिस्टम 'सिंथ ID' को और मजबूत बनाने की घोषणा की है। अब सर्कल टू सर्च और गूगल लेंस जैसे फीचर AI से बनी या एडिट की गई तस्वीरों की पहचान कर सकेंगे। सिंथ ID एक खास वॉटरमार्किंग तकनीक है, जो AI से बने कंटेंट में छिपा हुआ मेटाडाटा जोड़ती है। इससे यूजर्स को यह समझने में मदद मिलेगी कि कोई तस्वीर असली है या AI की मदद से बनी है।
सपोर्ट
लेंस और क्रोम में भी मिलेगा सपोर्ट
गूगल ने बताया कि नए अपडेट के बाद एंड्रॉयड पर सर्कल टू सर्च AI कंटेंट को पहचान सकेगा। इसके अलावा गूगल लेंस और क्रोम में मौजूद जेमिनी फीचर भी 'क्या यह AI से बना है?' जैसे सवालों का जवाब दे पाएगा। ये टूल किसी तस्वीर की पूरी जानकारी देने की कोशिश करेंगे। सिस्टम यह बता सकेगा कि तस्वीर किसी पिक्सल फोन से ली गई थी या बाद में AI टूल्स की मदद से उसमें बदलाव किए गए थे।
काम
दूसरे AI प्लेटफॉर्म के साथ भी काम
गूगल ने जानकारी दी कि OpenAI और इलेवनलैब्स जैसी कंपनियां भी सिंथ ID तकनीक को अपनाने की तैयारी कर रही हैं। कंपनी का कहना है कि इससे अलग-अलग AI प्लेटफॉर्म पर बने कंटेंट की पहचान करना आसान हो सकता है। गूगल ने कंटेंट क्रेडेंशियल सिस्टम का सपोर्ट बढ़ाने की घोषणा की है। इसके तहत जेमिनी ऐप में यह सुविधा शुरू की जा रही है। आने वाले महीनों में क्रोम और सर्च में भी इसका इंटीग्रेशन देखने को मिल सकता है।
अन्य
AI कंटेंट पहचानना होगा आसान
गूगल का कहना है कि AI वॉटरमार्किंग सिस्टम पूरी तरह परफेक्ट नहीं होते और कई बार लोग इन्हें हटाने या छिपाने की कोशिश कर सकते हैं। फिर भी कंपनी मानती है कि यह तकनीक लोगों को AI से बने कंटेंट की पहचान करने में मदद करेगी। हाल के समय में AI तस्वीरें और वीडियो तेजी से बढ़े हैं, जिससे असली और नकली कंटेंट में फर्क करना मुश्किल हो रहा है। नए फीचर इस समस्या को कम कर सकते हैं।