दीपक धर बने डिराक मेडल जीतने वाले पहले भारतीय वैज्ञानिक
भारत के मशहूर भौतिक विज्ञानी दीपक धर ने हाल ही में इंटरनेशनल सेंटर फोर थियोरेटिकल फिजिक्स में 2026 का डिराक मेडल हासिल किया है।
सैद्धांतिक भौतिकी के क्षेत्र में इसे सबसे बड़े सम्मानों में से एक गिना जाता है। इस साल यह सम्मान कुल 4 वैज्ञानिकों को मिला है और धर भी उनमें से एक हैं।
उन्हें यह खिताब सैद्धांतिक भौतिकी में उनके बेहतरीन योगदान के लिए दिया गया है।
धर ने सैंडपाइल मॉडल पर किया शोध
धर का सैंडपाइल मॉडल पर शोध बेहद खास है। उनका यह शोध बताता है कि कैसे एक छोटी-सी हलचल भी बड़े बदलाव ला सकती है, जैसे भूकंप या शेयर बाजार में अचानक आई गिरावट।
उन्होंने अपनी PhD कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से की थी। इसके बाद उन्होंने टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ फंडामेंटल रिसर्च (TIFR) में काम किया और फिर पुणे के इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एजुकेशन एंड रिसर्च से जुड़े। उन्हें पद्म भूषण और बोल्ट्जमैन मेडल जैसे कई बड़े और खास सम्मान भी मिल चुके हैं।
2024 से वे TIFR के इंटरनेशनल सेंटर फॉर थियोरेटिकल साइंसेज में INSA डिस्टिंग्विश्ड प्रोफेसर के तौर पर भी सेवाएं दे रहे हैं।