पश्चिम बंगाल में दोबारा मतदान के दौरान हिंसा, TMC कार्यकर्ताओं पर हमले का आरोप; लाठीचार्ज
क्या है खबर?
पश्चिम बंगाल के 15 बूथों पर आज दोबारा मतदान हो रहा है। इस दौरान डायमंड हार्बर के फालता में हिंसा की खबर है। स्थानीय लोगों ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) कार्यकर्ताओं पर हमले और धमकाने का आरोप लगाया है। एक स्थानीय महिला ने समाचार एजेंसी ANI से कहा, "तृणमूल के इसराफिल चौकीदार ने हमें धमकी दी है कि अगर ये लोग जीत गए, तो वे हमारे घर जला देंगे और खून-खराबा करेंगे।"
हिंसा
महिला ने कहा- TMC को वोट दिया फिर भी हमला किया
एक अन्य महिला ने कहा, "हमने TMC को वोट दिया, फिर भी उन्होंने हम पर हमला किया। हम चाहते हैं कि उसे गिरफ्तार किया जाए। हमें महिलाओं के लिए सुरक्षा चाहिए।" अन्य लोगों ने कहा वोट डालने के बाद TMC के लोगों ने हमला किया और मारपीट की गई। लोगों ने कहा, "जब हम इस घटना का शांतिपूर्ण विरोध कर रहे थे तो पुलिस ने लाठीचार्ज किया। कई लोगों को पैर में, सिर में और हाथ में चोट आई।"
TMC
TMC ने सुरक्षाबलों पर लगाया मारपीट का आरोप
TMC ने आरोप लगाया कि मगराहाट के बूथ नंबर 127 पर सुरक्षाबलों ने कार्यकर्ताओं के शिविर में तोड़फोड़ और मारपीट की। पार्टी ने कहा कि यह शिविर नजरा स्कूल के पास 500 मीटर के दायरे से बाहर लगाया गया था और चुनाव आयोग के नियमों का पालन किया जा रहा था। TMC उम्मीदवार शमीम अहमद ने कहा कि यह स्वीकार नहीं है। वहीं, घटना के बाद TMC समर्थकों ने नारेबाजी की है।
सड़क
फालता में लोगों ने सड़क जाम की
फालता के हाशिम नगर इलाके में लोगों ने सड़क जाम कर दी है। उनका आरोप है कि TMC के कार्यकर्ता परेशान कर रहे हैं। अतिरिक्त SP अभिषेक ने कहा, "हम उन्हें राष्ट्रीय राजमार्ग बंद नहीं करने देंगे। अगर वे ऐसा करते हैं, तो यह कोलकाता से कट जाएगा। उनकी मांग पर मामला दर्ज किया गया है और इसकी जांच की जाएगी।" मौके पर केंद्रीय एजेंसियों के जवानों समेत भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
जानकारी
दोपहर 3 बजे तक कितना हुआ मतदान?
चुनाव आयोग के मुताबिक, दोपहर 3 बजे तक मगराहाट पश्चिम में 72.50 प्रतिशत और डायमंड हार्बर में 72.36 प्रतिशत मतदान हुआ है।
मतदान
दोबारा क्यों हो रहा है मतदान?
इन सभी बूथों पर 29 अप्रैल को दूसरे चरण में मतदान हुआ था। इस दौरान हिंसा और EVM के साथ छेड़छाड़ की खबरें आई थीं। फालता में सबसे ज्यादा 32, डायमंड हार्बर में 29 और मगराहट में 13 शिकायतें दर्ज की गई थीं। इन शिकायतों में EVM के बटनों पर काली टेप, चिपकने वाले पदार्थ और स्याही लगाने के आरोप लगाए गए थे। इसके बाद चुनाव आयोग ने इन बूथों पर पुनर्मतदान का आदेश दिया।