डेयरी उत्पादों से जुड़े इन भ्रमों पर विश्वास करना है नुकसानदायक, जानें क्यों
क्या है खबर?
डेयरी उत्पादों को लेकर कई गलतफहमियां प्रचलित हैं, जिनमें से अधिकांश सही नहीं होतीं। लोगों का मानना है कि दूध और इसके उत्पाद वजन बढ़ाते हैं या इनमें कुछ हानिकारक तत्व होते हैं। इन गलतफहमियों को दूर करना जरूरी है ताकि लोग सही जानकारी के आधार पर अपने खान-पान का चयन कर सकें। इस लेख में हम ऐसे ही कुछ भ्रमों को स्पष्ट करेंगे और जानेंगे कि वास्तव में डेयरी उत्पादों का सेवन कैसे किया जाना चाहिए।
#1
भ्रम- डेयरी उत्पाद वजन बढ़ाते हैं
यह सबसे आम गलतफहमी है कि डेयरी उत्पाद वजन बढ़ाते हैं। सच तो यह है कि अगर डेयरी उत्पाद सही मात्रा में खाए जाएं तो ये वजन नहीं बढ़ाते। दूध में मौजूद प्रोटीन और कैल्शियम शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं और वजन नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, अगर आप बहुत ज्यादा चीनी या चर्बी वाले डेयरी उत्पादों का सेवन करते हैं तो यह वजन बढ़ा सकता है।
#2
भ्रम- दूध में हानिकारक तत्व होते हैं
कई लोग मानते हैं कि बाजार में मिलने वाला दूध हानिकारक तत्वों से भरा होता है, जबकि ऐसा कुछ नहीं होता। गाय का दूध प्राकृतिक रूप से कुछ तत्वों के साथ आता है, लेकिन इनमें किसी प्रकार के बाहरी हानिकारक तत्व नहीं मिलाए जाते। अगर आप पाश्च्युराइज्ड दूध पीते हैं तो उसमें किसी प्रकार के हानिकारक तत्व नहीं होते। इस प्रक्रिया में दूध को उच्च तापमान पर गर्म करके बनाया जाता है, जिससे इसमें मौजूद बैक्टीरिया खत्म हो जाते हैं।
#3
भ्रम- सभी डेयरी उत्पाद एक जैसे होते हैं
एक और गलतफहमी यह है कि सभी डेयरी उत्पाद एक जैसे होते हैं। सच यह है कि अलग-अलग प्रकार के डेयरी उत्पादों में अलग-अलग पोषक तत्व होते हैं। जैसे कि दूध, दही, पनीर आदि में अलग-अलग मात्रा में कैल्शियम और प्रोटीन होते हैं। इसलिए इन्हें अपने आहार में शामिल करते समय विविधता रखना जरूरी है ताकि शरीर को सभी जरूरी पोषक तत्व मिल सकें। इस तरह आप अपने स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं।
#4
भ्रम- कम वसा वाले डेयरी उत्पाद ज्यादा फायदेमंद होते हैं
बहुत से लोग मानते हैं कि कम वसा वाले डेयरी उत्पाद ज्यादा फायदेमंद होते हैं, जबकि इन उत्पादों में पोषक तत्व कम होते हैं और इनमें मिलावट की संभावना भी बढ़ जाती है। सामान्य दूध या फुल वसा वाले डेयरी उत्पादों में प्राकृतिक पोषक तत्व अधिक होते हैं जो शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं। इसके अलावा कम वसा वाले उत्पादों का स्वाद भी सामान्य उत्पादों जितना अच्छा नहीं होता, जिससे खाने का मजा भी कम हो जाता है।
#5
भ्रम- डेयरी उत्पाद लैक्टोज असहिष्णुता वाले लोगों के लिए नहीं होते
लैक्टोज असहिष्णुता वाले लोगों का मानना होता है कि सभी प्रकार के दूध और दूध से बने उत्पाद उनके लिए उपयुक्त नहीं होते, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है। बाजार में ऐसे कई डेयरी विकल्प उपलब्ध हैं, जिनमें लैक्टोज की मात्रा बहुत कम होती है या जिन्हें बिना किसी परेशानी के पीया जा सकता है। इसके अलावा कुछ लोगों में लैक्टोज सहन करने की क्षमता कम होती है।