मुंबई: 7 दिन में हो गई महीनेभर की बारिश, अल नीनो के बावजूद क्यों बरस रहे बदरा?
क्या है खबर?
मुंबई में देरी से आए मानसून ने भारी तबाही मचा दी है। जून के आखिर से 8 जुलाई तक मुंबई में हुई भारी बारिश ने बीते 26 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। 6 जुलाई तक लगभग 1,240 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो साल 2,000 के बाद सबसे ज्यादा है। बीते 7 दिन में ही जुलाई के पूरे महीने की बारिश हो गई है। आइए इसके पीछे की वजह समझते हैं।
आंकड़े
सबसे पहले मुंबई में बारिश से जुड़े आंकड़े जानिए
मुंबई में जुलाई महीने में औसतन 768.5 मिलीमीटर बारिश होती है। इस साल 1 से 7 जुलाई के बीच ही 791 मिलीमीटर बारिश हो गई है। दक्षिणी मुंबई में पिछले 50 सालों में जुलाई के महीने में ये सबसे ज्यादा बारिश का आंकड़ा है। मुंबई में बीते 7 दिन में जितना पानी गिरा है, वो दिल्ली की औसत सालाना बारिश से ज्यादा और बेंगलुरु की औसत सालाना बारिश के लगभग बराबर है।
लोनावला
लोनावला में भी टूटे सालों पुराने रिकॉर्ड
पुणे जिले में स्थित लोकप्रिय हिल स्टेशन लोनावला में 5 से 7 जुलाई के बीच 1,290 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। जलवायु वैज्ञानिकों ने इसे 1,000 सालों में एक बार होने वाली दुर्लभ चरम मौसमी घटना बताया है। इससे पहले अगस्त, 1953 में यहां 48 घंटों के दौरान 882 मिलीमीटर बारिश हुई थी। यहां 24 घंटे में ही इतनी बारिश हुई है, जितनी लंदन में औसतन पूरे साल में होती है।
अल नीनो
अल नीनो सक्रिय होने के बावजूद जोरदार बारिश
मुंबई में बारिश ऐसे वक्त रिकॉर्ड तोड़ रही है, जब अल नीनो सक्रिय है, जिसकी वजह से आमतौर पर कम बारिश होती है। हालांकि, अल नीनो के चलते पूरा जून सुखा रहा और मानसून भी 2 हफ्ते की देरी से मुंबई पहुंचा। हालांकि, अरब सागर के ऊपर मौसम प्रणालियों की सक्रियता बढ़ने के चलते जून के अंत में तेज बारिश हुई। वहीं, जुलाई की शुरुआत में तो बारिश इतनी झमाझम हुई कि मौसम विज्ञान विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया।
वजह
क्या है अचानक हुई बारिश की वजह?
न्यूज18 ने जलवायु वैज्ञानिकों के हवाले से बताया कि अरब सागर में समुद्री सतह के तापमान में रिकॉर्ड बढ़ोतरी हुई है, जिससे वाष्पीकरण बढ़ा और लगातार नमी मिल रही है। इससे महाराष्ट्र के तटीय क्षेत्रों में बादल लगातार बन रहे हैं। साथ ही बंगाल की खाड़ी के ऊपर सक्रिय निम्न दबाव प्रणालियां उत्तर-पश्चिम की बजाय मध्य हिस्से की ओर बढ़ रही हैं। इससे पश्चिमी भारत में नमी बढ़ी और पश्चिमी घाटों ने इस नमी को ऊपर धकेल दिया।
जलवायु परिवर्तन
जलवायु परिवर्तन भी है जिम्मेदार
जलवायु परिवर्तन के कारण तापमान बढ़ रहा है। जब तापमान एक डिग्री सेल्सियस बढ़ता है, तो वायुमंडल लगभग 7 प्रतिशत ज्यादा नमी सोखता है। इससे बारिश कम समय के लिए लेकिन अचानक और तेज होती है। मुंबई में हो रही तेज बारिश की ये भी वजह है। जानकारों का कहना है कि अल नीनो का अध्ययन जलवायु परिवर्तन से अलग नहीं किया जा सकता, क्योंकि इन दोनों से शहरी बाढ़ की घटनाएं अधिक अप्रत्याशित और खतरनाक होती जा रही हैं।