दिल्ली की हवा के लिए अच्छी खबर, पराली जलाने की घटनाओं में 31 प्रतिशत की कमी
दिल्ली की हवा के लिए अच्छी खबर आई है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के मुताबिक, इस साल 6 उत्तरी राज्यों में पराली जलाने की घटनाओं में 31.3 फीसदी की कमी देखी गई है।
सितंबर के मध्य से अक्टूबर के आखिर तक कुल 2,265 आग लगने की घटनाएं दर्ज की गईं, जो पिछले साल की 3,300 घटनाओं से काफी कम हैं।
सबसे ज्यादा पराली जलाने की घटनाओं के मामले में पंजाब अभी भी सबसे आगे है, लेकिन मध्य प्रदेश में ऐसी घटनाओं में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
सैटेलाइट ट्रैकिंग से उत्तरी राज्यों में पराली जलाने की घटनाओं में आई कमी
यह कमी बेहतर सैटेलाइट ट्रैकिंग और राज्यों द्वारा फसलों के अवशेष जलाने की बजाय उन्हें ठीक से निपटाने के प्रयासों का नतीजा है। रियल-टाइम निगरानी और जागरूकता अभियान किसानों को अपनी पुरानी आदतों को बदलने में मदद कर रहे हैं। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि असली परीक्षा नवंबर में होगी, जब पराली जलाने की घटनाएं आमतौर पर सबसे ज्यादा होती हैं।
इस बीच, दिल्ली-NCR ने मार्च 2027 तक प्रदूषण से लड़ने के लिए एक नई योजना शुरू की है। ऐसे में, अगर ये रुझान इसी तरह जारी रहे, तो साफ हवा लंबे समय तक बनी रह सकती है।