भारतीय वायुसेना ब्रिटेन से ला रही 9 पुरान जगुआर लड़ाकू विमान, जानिए क्या होगा फायदा
भारतीय वायु सेना (IAF) ब्रिटेन से 9 पुराने जगुआर लड़ाकू विमान लाने का प्रयास कर रही है। इनका इस्तेमाल उड़ने के लिए नहीं, बल्कि इनके पुर्जों के लिए किया जाएगा, ताकि अपने 6 जगुआर स्क्वाड्रन को चालू रखा जा सके। IAF के पास फिलहाल स्वीकृत 42 स्क्वाड्रनों के मुकाबले सिर्फ 29 स्क्वाड्रन हैं। ऐसे में अपने सीमित संसाधनों के बावजूद पूरे बेड़े को सक्रिय बनाए रखना उसके लिए एक बड़ी चुनौती है।
पहले भी लाए जा चुके हैं पुराने लड़ाकू विमान
यह पहली बार नहीं है जब भारत ने पुराने जगुआर विमानों को इस तरह से हासिल किया है। इससे पहले 2018 में फ्रांस ने 31 विमानों के ढांचे दान किए थे और ओमान ने भी 20 से ज्यादा जगुआर विमान भारत को भेजे थे। ये दान में मिले विमान इंजन और लैंडिंग गियर जैसे अहम पुर्जों के लिए बेहद काम आ रहे हैं। भारत के लगभग आधे जगुआर विमानों को बेहतर रडार और कॉकपिट तकनीक के साथ अपग्रेड भी किया गया है, ताकि नए विमान आने तक वे प्रभावी बने रहें।