उत्तर प्रदेश में मानसून की रफ्तार धीमी, 40 प्रतिशत कम बारिश से बढ़ी चिंता
उत्तर प्रदेश में 11 जुलाई 2026, शनिवार से ही मानसून की बारिश ने अपनी रफ्तार धीमी कर ली है। ज्यादातर भारी बारिश अब राज्य के पूर्वी हिस्से तक ही सिमट गई है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सिर्फ छिटपुट बारिश ही देखने को मिल रही है। दरअसल, बंगाल की खाड़ी से आने वाला वो मौसमी सिस्टम, जिसकी वजह से पहले अच्छी बारिश हुई थी, अब कमज़ोर पड़ गया है और पूर्व दिशा की ओर खिसक गया है।
पूरे प्रदेश में बारिश की 40 प्रतिशत की कमी
लखनऊ में पिछले एक दिन में 20.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, लेकिन जून से अब तक हुई कुल बारिश सामान्य औसत से काफी कम है, जो करीब 40 प्रतिशत की कमी को दर्शाता है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी बारिश की स्थिति कुछ ऐसी ही है, जहां इस साल अभी तक सामान्य से करीब 36 प्रतिशत कम बारिश हुई है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, अगले कुछ दिनों तक पूर्वी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, और कहीं-कहीं भारी बौछारें भी पड़ सकती हैं। वहीं, लखनऊ में आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा और तापमान लगभग 35 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहने से गर्मी का एहसास होगा।