देवभूमि के 85 करोड़ के दान पर विवाद, BKTC ने बद्रीनाथ आरोपों पर जांच शुरू की
बद्रीनाथ और केदारनाथ जैसे बड़े मंदिरों के साथ-साथ बद्री-केदार मंदिर समिति (BKTC) के अधीन आने वाले 45 से ज्यादा अन्य मंदिरों में भी हर साल दान के तौर पर करीब 80-85 करोड़ रुपये जमा होते हैं। यह राशि उत्तराखंड सरकार के कुछ विभागों के पूरे सालाना बजट से भी कहीं ज्यादा है। भक्त सिर्फ नकदी ही नहीं, बल्कि सोना, चांदी और कीमती रत्न भी दान करते हैं।
दान को लेकर BKTC ने कारण बताओ नोटिस जारी किया
बद्रीनाथ धाम में दान के गलत इस्तेमाल या प्रबंधन को लेकर सोशल मीडिया पर आरोप लगे थे। इन आरोपों के सामने आते ही, बद्री-केदार मंदिर समिति (BKTC) ने 24 घंटे के भीतर ही इस मामले की जांच शुरू कर दी। समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने जानकारी दी कि इन आरोपों से जुड़े लोगों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिए गए हैं। साथ ही, इस पूरी जांच के लिए एक खास पैनल भी बनाया गया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इस जांच के नतीजे पूरी पारदर्शिता के साथ सार्वजनिक किए जाएंगे।