GDP आंकड़ों में 'जादूगरी' का आरोप: पूर्व वित्त सचिव बोले- 7.8 नहीं 2.6 प्रतिशत है असली विकास दर
वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में भारत की 7.8 प्रतिशत GDP वृद्धि दर पर पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा है कि यह आंकड़ा हैरानी भरा है।
गर्ग ने बताया कि सरकार ने पिछले साल के आधार आंकड़े बदल दिए हैं। उनका कहना है कि अगर संशोधित 80 लाख करोड़ रुपये की जगह पिछले साल के मूल 86 लाख करोड़ रुपये के आंकड़े माने जाते, तो मौजूदा कीमतों पर GDP वृद्धि सिर्फ 2.6 प्रतिशत के आसपास ही होती।
कांग्रेस ने सांख्यिकीय जादूगरी का आरोप लगाया
सुभाष चंद्र गर्ग की इन चिंताओं को कांग्रेस पार्टी ने भी उठाया और सरकार पर 'सांख्यिकीय जादूगरी' का आरोप लगा दिया। हालांकि, वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया।
उधर, सांख्यिकी व कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय (MoSPI) ने अपने आंकड़ों का बचाव किया। MoSPI ने कहा कि ऑटो और स्टील जैसे क्षेत्रों में मजबूत बढ़ोतरी देखने को मिली है, जो इस वृद्धि का संकेत है। मंत्रालय ने डेटा में हेरफेर के आरोपों को 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताते हुए यह भी साफ किया कि उनकी गणना का तरीका पूरी तरह से मानक और सही है।