HDFC लाइफ को लगा झटका: शख्स को 50 लाख बीमा दावा देने का आदेश
मार्च 2025 में स्वर भास्कर की पत्नी राधा का दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। इसके बाद उन्होंने HDFC लाइफ इंश्योरेंस में 50 लाख रुपये का बीमा दावा (क्लेम) किया, लेकिन कंपनी ने इसे यह कहते हुए खारिज कर दिया कि पॉलिसी के फॉर्म में कुछ गलत जानकारी दी गई थी। इस पर स्वर भास्कर ने विशाखापत्तनम कंज्यूमर कमीशन का रुख किया और वहां उन्हें जीत मिली।
कमीशन ने भास्कर को 50 लाख रुपये देने का आदेश दिया
कमीशन ने अपनी जांच में पाया कि HDFC लाइफ के पास अपने आरोपों को साबित करने के लिए कोई सबूत नहीं था। कमीशन ने कंपनी के इस कदम को 'सेवा में कमी' (डेफिशिएंसी इन सर्विस) करार दिया। इसके बाद, कमीशन ने HDFC लाइफ को निर्देश दिया कि वह भास्कर को पूरे 50 लाख रुपये 15 मार्च 2025 से 6 प्रतिशत ब्याज के साथ दे। साथ ही, कंपनी को 25,000 रुपये मुआवजे के रूप में और 5,000 रुपये कोर्ट के खर्च के तौर पर चुकाने होंगे। इस फैसले से बीमा कंपनियों को साफ संदेश मिलता है कि वे बिना पुख्ता सबूत के किसी वैध बीमा दावे को खारिज नहीं कर सकतीं।