
SC के फैसले को 'चौकीदार चोर है' से जोड़ने पर राहुल ने बिना शर्त मांगी माफी
क्या है खबर?
अपने नारे 'चौकीदार चोर है' को सुप्रीम कोर्ट के फैसले से जोड़ने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को दाखिल अपने हलफनामे में कोर्ट से बिना शर्त माफी मांगी है।
मामले में यह उनका तीसरा हलफनामा है और इससे पहले के दो हलफनामों में उन्होंने अपने बयान पर खेद व्यक्त किया था।
लेकिन जब कोर्ट इससे संतुष्ट नहीं हुआ तो उन्होंने पिछली सुनवाई में बिना शर्त माफी मांगने को तैयार होने की बात कही थी।
ट्विटर पोस्ट
तीन पेज के हलफनामे में राहुल ने मांगी माफी
Congress President Rahul Gandhi has filed a three page affidavit stating his unconditional apology to Supreme Court for his remark on Rafale deal, "Supreme Court has accepted that "chowkidaar chor hai" https://t.co/UGBf8PR8D2
— ANI (@ANI) May 8, 2019
मामला
क्या है पूरा मामला?
बता दें कि सुप्रीम कोर्ट के नए दस्तावेजों के आधार पर राफेल सौदे पर दोबारा सुनवाई करने के फैसले पर राहुल ने कहा था, "अब तो सुप्रीम कोर्ट ने भी साफ कर दिया है कि चौकीदारजी ने चोरी करवाई।"
अपने चुनावी नारे को कोर्ट के हवाले से पेश करने का आरोप लगाते हुए भाजपा नेता मीनाक्षी लेखी ने उनके खिलाफ अवमानना की याचिका दायर की थी।
इस पर कोर्ट ने राहुल के खिलाफ अवमानना का नोटिस जारी किया था।
राहुल की सफाई
राहुल ने कहा था, चुनाव प्रचार के आवेश में दिया बयान
नोटिस के जवाब में 23 अप्रैल को दाखिल अपने पहले हलफनामे में राहुल ने अपने बयान पर खेद जताया था।
उन्होंने अपनी सफाई में कहा था कि राजनीतिक प्रचार के आवेश में आकर उन्होंने यह बयान दिया था और वह आगे से ऐसा नहीं करेंगे।
हालांकि, कोर्ट उनके इस जवाब से संतुष्ट नहीं हुआ और उन्हें दोबारा अवमानना का नोटिस जारी कर दिया।
राहुल ने अपने दूसरे हलफनामे में भी पहले हलफनामे वाली बात दोहराई थी।
सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी
पहले 2 हलफनामों से संतुष्ट नहीं हुआ सुप्रीम कोर्ट
राहुल की सफाई पर नाराजगी जताते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि उन्हें खेद जताते के लिए 22 पेज लगे और इसके बावजूद खेद की बात स्पष्ट नहीं है।
इसके बाद राहुल के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कोर्ट को आश्वासन दिया था कि राहुल स्पष्ट माफी मांगने को तैयार हैं।
मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली बेंच ने आश्वासन मिलने के बाद राहुल को नया हलफनामा दाखिल करने के लिए 6 मई तक का समय दिया था।
डाटा
राहुल और मोदी के बीच टकराव का केंद्र राफेल
राफेल सौदा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राहुल के बीच टकराव का बड़ा मुद्दा रहा है। राहुल मामले में मोदी पर अनिल अंबानी को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाते हैं। सौदे में भ्रष्टाचार की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट में भी याचिकाएं दाखिल की गई हैं।