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प्रधानमंत्री मोदी ने बुलाई CCS की अहम बैठक, जानिए किन मुद्दों पर हुई चर्चा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने आवास पर बुलाई CCS की अहम बैठक

प्रधानमंत्री मोदी ने बुलाई CCS की अहम बैठक, जानिए किन मुद्दों पर हुई चर्चा

Mar 02, 2026
12:10 am

क्या है खबर?

अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमला करने और इसमें सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत से पश्चिम एशिया में पैदा हुए गंभीर तनाव की भारत ने उच्च‑स्तरीय समीक्षा शुरू कर दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार रात को दिल्ली लौटते ही अपने आवास पर सुरक्षा मामलों की केंद्रीय समिति (CCS) की अहम बैठक बुलाई। इस बैठक में गृहमंत्री अमित शाह, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, विदेश मंत्री एस जयशंकर और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल समेत कई नेता शामिल हुए।

चर्चा

किन-किन मुद्दों पर चर्चा?

रिपोर्ट के अनुसार, CCS की बैठक में अमेरिका-इजरायल द्वारा ईरान पर हमले के बाद बने हालात, खामेनेई की हत्या और उसके बाद की स्थिति और भारत पर असर और पश्चिम एशिया में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा के लिए उठाए जाने वाले कदमों पर चर्चा की संभावना है। इसी तरह विभिन्न देशों में फंसे हुए भारतीयों को सुरक्षित निकालने की रणनीति बनाने और विभिन्न देशों हवाई क्षेत्रों के बंद होने से उड़ानों पर पड़ रहे प्रभाव पर चर्चा की संभावना है।

समिति

क्या है CCS और इसका काम?

CCS सरकार की वह सर्वोच्च और सबसे शक्तिशाली समिति है, जो राष्ट्रीय सुरक्षा, रक्षा, कूटनीति और विदेशी मामलों से जुड़े सबसे बड़े और संवेदनशील फैसले लेती है। इस समिति की अध्यक्षता स्वयं प्रधानमंत्री करते हैं। इसमें रक्षा मंत्री, गृह मंत्री, विदेश मंत्री और वित्त मंत्री शामिल होते हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) और तीनों सेनाओं के प्रमुख भी इसमें अहम इनपुट देते हैं। उसके बाद सिमिति विभिन्न मुद्दों पर आवश्यक निर्णय लेती है।

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अहमीयत

क्यों अहम है CCS की बैठक?

अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए बड़े हमले और खामेनेई की मौत के बाद पश्चिम एशिया में गंभीर भू‑रणनीतिक संकट पैदा हो गया है। इसके चलते हजारों भारतीय अलग‑अलग देशों में फंसे हुए हैं और हवाई सेवाएं लगभग ठप हैं। खाड़ी क्षेत्र में करीब 90 लाख भारतीय रहते हैं, जबकि ईरान और इजराइल में भी बड़ी संख्या में भारतीय मौजूद हैं। उनकी सुरक्षा, संभावित निकासी और भारत पर पड़ने वाले कूटनीतिक‑आर्थिक प्रभावों के चलते यह बैठक अहम है।

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