2026 में आंध्र प्रदेश पर मानसून का दोहरा हमला: सूखे के बीच बाढ़ का खतरा!
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 2026 के मानसून सीजन में आंध्र प्रदेश में सामान्य से कम बारिश होने की संभावना है। चेन्नई के रीजनल मेट्रोलॉजिकल सेंटर के डी शिवनंद पाई ने बताया कि भले ही पूरे राज्य में बारिश कम हो, लेकिन कुछ तटीय इलाकों में कम दबाव वाले सिस्टम के कारण भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
IMD ने दी सलाह
डॉक्टर पाई ने साफ किया कि बारिश के ये अचानक आए दौर अल नीनो के प्रभाव को कुछ हद तक संतुलित कर सकते हैं। हालांकि, इससे उन जगहों पर शहरी बाढ़ की समस्या खड़ी हो सकती है जो इसके लिए पहले से ही संवेदनशील हैं। समुदायों को पहले से तैयार रखने के लिए IMD ने समय पर मौसम अलर्ट जारी करने का आग्रह किया है।
जानकारी के लिए बता दें, बीते अल नीनो वाले सालों में आंध्र प्रदेश में बारिश की अच्छी-खासी कमी दर्ज की गई थी (जैसे 2002 में 39.7 प्रतिशत की कमी)। इस बार शायद कमी उतनी गंभीर न हो, फिर भी गरज-चमक के साथ तेज हवाएं किसानों और शहर में रहने वाले लोगों, दोनों के लिए परेशानियां पैदा कर सकती हैं।