असम के जोरहाट में वायुसेना का विमान दुर्घटनाग्रस्त, पायलट के मारे जाने की आशंका
क्या है खबर?
असम से बड़ी दुर्घटना की खबर सामने आ रही है। यहां के जोरहाट स्थित रौरिया वायुसेना स्टेशन पर भारतीय वायुसेना का एक AN-32 परिवहन विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, वायुसेना स्टेशन परिसर के भीतर विमान की लैंडिंग के बाद उसमें आग लग। दुर्घटना के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। वहीं, हताहतों को लेकर भी कुछ आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि, पायलट की मौत की आशंका जताई जा रही है।
बयान
वायुसेना ने कहा- बचाव और जांच कार्य जारी
वायुसेना ने कहा, "असम के जोरहाट स्थित वायुसेना स्टेशन पर लैंडिंग के दौरान एक सैन्य विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दुर्घटनाग्रस्त विमान AN-31 मालवाहक विमान था, जिसका इस्तेमाल आपूर्ति परिवहन के लिए किया जाता है। यह दुर्घटना विमान के वायुसेना अड्डे पर उतरने के प्रयास के दौरान हुई। आशंका है कि इस दुर्घटना में पायलट की जान चली गई होगी। घटनास्थल पर बचाव और जांच कार्य जारी है, इसलिए आगे की जानकारी की प्रतीक्षा की जा रही है।"
घटना
2 हिस्सों में टूटा विमान
रिपोर्ट के मुताबिक, विमान नियमित उड़ान पर था। इसी दौरान लैंडिंग के वक्त लैंडिंग स्ट्रिप पर लैंड नहीं कर सका और आसपास की उबड़-खाबड़ जगह पर चला गया। इसके बाद विमान जमीन से टकराया और उसमें आग लग गई। घटनास्थल से सामने आए वीडियो में देखा जा सकता है कि विमान के मलबे से धुंआ निकल रहा है। वहीं, घटना के बाद विमान के बीच में से 2 टुकड़े हो गए।
विमान
AN-32 विमान के बारे में जानिए
AN-32 का इस्तेमाल सैनिकों और सामान को एक जगह से दूसरी जगह ले जाने में किया जाता है। ये एक साथ करीब 7 टन सामान और 40 सैनिकों को ले जा सकता है। बाढ़ या भूकंप जैसी आपदाओं के दौरान राहत अभियान में इसका इस्तेमाल होता है। ये पहाड़ों और दुर्गम इलाकों से भी आसानी से उड़ान भर सकता है। भारतीय वायुसेना ने 125 AN-32 विमान खरीदे थे, जिनमें से 100 अभी भी सेवा में हैं।
अन्य घटना
मार्च में असम में दुर्घटनाग्रस्त हुआ था सुखोई लड़ाकू विमान
5 मार्च को असम के कार्बी आंगलोंग जिले में वायुसेना का एक सुखोई-30MKI लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। विमान ने जोरहाट से उड़ान भरी थी और शाम लगभग 7 बजे चोकीहोला के पास निलिप ब्लॉक की पहाड़ियों में रडार से गायब हो गया था। रातभर चले अभियान के बाद अगले दिन विमान का मलबा मिला था। विमान में स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर की मौत हो गई थी।