BRICS: दिल्ली से तय होगा दुनिया का आर्थिक भविष्य? भारत संभालेगा वैश्विक दक्षिण की कमान
भारत 12 और 13 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है। इस सम्मेलन का मुख्य मकसद उभरती अर्थव्यवस्थाओं को वैश्विक वित्तीय मामलों में और मजबूत आवाज दिलाना है। प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि BRICS में दुनिया की आधी आबादी और वैश्विक GDP व व्यापार का एक बड़ा हिस्सा शामिल है। इसलिए यह बैठक बेहद अहम होगी।
शिखर सम्मेलन में नवाचार और व्यापार पर रहेगा खास जोर
इस बार के शिखर सम्मेलन में नवाचार, सुरक्षित व्यापार मार्गों और नौवहन की स्वतंत्रता जैसे मुद्दों पर खास तौर पर चर्चा होगी। इसमें अब तक का सबसे बड़ा BRICS बिजनेस फोरम भी आयोजित किया जाएगा।
एस जयशंकर जैसे नेता लचीलेपन और स्थिरता को बढ़ावा देने पर जोर दे रहे हैं। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल सदस्य देशों के बीच मजबूत आपूर्ति श्रृंखला बनाने की वकालत कर रहे हैं। वहीं, शशि थरूर चाहते हैं कि BRICS गैर-पश्चिमी तो रहे, लेकिन पश्चिमी देशों का विरोधी न बने। यह बात वैश्विक मंच पर भारत के सावधानीपूर्ण संतुलन को दिखाती है।