47 टन राहत सामग्री भेजी, NDRF भी तैयार; नेपाल की कैसे मदद कर रहा है भारत?
क्या है खबर?
नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बीच भारत ने पड़ोसी धर्म निभाते हुए मदद का हाथ बढ़ाया है। भारत से 2 बार में 47.5 टन मानवीय मदद नेपाल को भेजी गई है। इनमें जरूरी दवाइयां और खाद्य पैकेट शामिल हैं। इस बीच राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की टीमें स्टैंडबाय पर रखी गई हैं और आदेश मिलते ही नेपाल जाने को तैयार हैं। आइए जानते हैं भारत कैसे अपने पड़ोसी की मदद कर रहा है।
सामग्री
वायुसेना के 2 विमान राहत सामग्री लेकर काठमांडू पहुंचे
भारत ने नेपाल में राहत सामग्री की 2 खेप भेजी है। भारतीय वायुसेना के विमान से भेजी गई इस दूसरी खेप में खेप में 37.5 टन राहत सामग्री, जरूरी दवाइयां और खाद्य पैकेट शामिल हैं।
इससे पहले बुधवार रात भारत ने C-130J विमान से 10 टन राहत सामग्री और जरूरी दवाइयों की पहली खेप काठमांडू भेजी थी। यानी भारत अब तक नेपाल को 47.5 टन राहत सामग्री भेज चुका है।
प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री मोदी ने मदद का आश्वासन दिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह से बात की और जान-माल की हानि पर शोक व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि भारत नेपाल को हर संभव मानवीय सहायता देने के लिए तैयार है।
वहीं, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी कहा, 'इस मुश्किल घड़ी में हम नेपाल के साथ एकजुटता जताते हैं। भारत, इस आपदा से प्रभावित लोगों के लिए नेपाल सरकार के राहत और बचाव कार्यों में मदद करने को तैयार हैं।'
NDRF
आदेश मिलते ही NDRF नेपाल जाने को तैयार
NDRF के IG नरेंद्र सिंह बुंदेला ने बताया कि फिलहाल भारत की कोई NDRF टीम नेपाल नहीं भेजी गई है, लेकिन जरूरत पड़ने पर टीमें तुरंत रवाना होने के लिए तैयार हैं।
उन्होंने कहा, "अगर नेपाल सरकार की ओर से मदद का अनुरोध आता है और भारत सरकार मंजूरी देती है, तो NDRF की टीमों को नेपाल भेजा जाएगा। भारत सरकार ने नेपाल के लिए मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री लेकर 2 विमान भेजे हैं।"
हेल्पलाइन
दूतावास ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर
काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास आपदा में फंसे भारतीय नागरिकों का पता लगाने के लिए काम कर रहा है।
भारतीय दूतावास ने 3 आपातकालीन नंबर (+9779851316807, +9779709107500 और +9779810326117) जारी किए हैं। इन नंबरों पर व्हाट्सऐप पर भी संपर्क किया जा सकता है।
वहीं, चीन स्थित भारतीय दूतावास ने तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र के इलाकों में फंसे भारतीयों के लिए अलग नंबर जारी किए हैं। आप आपातकालीन संपर्क नंबर (0086 185 1428 4905) पर संपर्क कर सकते हैं।
हेलीकॉप्टर
वायुसेना ने हेलीकॉप्टर को रिजर्व पर रखा
भारतीय वायुसेना ने नेपाल में बचाव और निकासी अभियानों के लिए हेलीकॉप्टर रिजर्व पर रखे हैं, चूंकि बाढ़ ने दुर्गम इलाकों में पुलों और सड़कों को नुकसान पहुंचाया है।
इन हेलीकॉप्टरों के जरिए सड़क से कटे हुए लोगों तक पहुंचने और उन्हें सुरक्षित और अधिक सुलभ स्थानों पर ले जाने के लिए किया जा सकता है, जहां से उनके आगे के निकासी की व्यवस्था की जा सकती है।
इसके लिए अलग-अलग मंत्रालय समन्वय कर रहे हैं।
सरकार
केंद्र ने राज्यों से लोगों की सूची मांगी
केंद्र सरकार ने सभी राज्यों को नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद संभवत: लापता हो गए लोगों की जानकारी जुटाने का निर्देश दिया है।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्यों के मुख्य सचिवों को लापता होने की आशंका वाले व्यक्तियों के नाम, परिवार के लोगों के नाम और मोबाइल नंबर जैसी जानकारी इकट्ठा करने को कहा है, ताकि विदेश मंत्रालय को प्रभावित परिवारों से संपर्क स्थापित करने और लापता भारतीयों का पता लगाने में मदद मिल सके।