BRICS शिखर सम्मेलन के चलते दिल्ली में ट्रैफिक का बुरा हाल, सामने आई ये परेशानियां
नई दिल्ली में फिलहाल हालात कुछ ऐसे बने हुए हैं कि सामान्य जनजीवन जैसे थम सा गया है। 12 और 13 सितंबर को BRICS सम्मेलन के आयोजन की वजह से शहर में देश-विदेश के बड़े-बड़े नेता आ रहे हैं।
व्लादिमीर पुतिन और शी जिनपिंग जैसे हस्तियों के आगमन की उम्मीद को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा की चाक-चौबंद व्यवस्था की है। शहर के मुख्य मार्गों और महत्वपूर्ण इलाकों में बैरिकेड लगे हैं, जांच चौकियां बनाई गई हैं और यातायात नियमों में सख्ती बरती जा रही है।
इन सबके बीच हजारों की संख्या में पुलिसकर्मी तैनात हैं। लोगों की आवाजाही कम करने के लिए स्कूल, सरकारी दफ्तर और कई दुकानें बंद रखी गई हैं।
नई दिल्ली के यात्रियों को उलझे रास्तों से गुजरना पड़ रहा
इन तमाम इंतजामों के बाद भी शहरवासी लंबी दूरी और उलझे रास्तों से जूझते नजर आ रहे हैं। लोग सोशल मीडिया पर अपनी झुंझलाहट बता रहे हैं, क्योंकि उन्हें बंद सड़कों का कोई दूसरा रास्ता खोजना पड़ रहा है।
डिलीवरी कंपनियों में काम करने वाले और दिहाड़ी कमाने वाले लोग इस सबसे ज्यादा जूझ रहे हैं। ऑटो रिक्शा चालक नीरज कुमार ने अपनी परेशानी बयां करते हुए कहा, "अगर एक किलोमीटर की यात्रा 8 किलोमीटर के चक्कर में बदल जाए, तो हम आगे क्या करें?"