दिवाली पर बिगड़ेगा कश्मीरी सेबों का स्वाद और दाम? स्कैब बीमारी ने बढ़ाई परेशानी
इस दिवाली अच्छी गुणवत्ता के कश्मीरी सेब मिलना मुश्किल हो सकता है। दरअसल, इलाके के बागानों में एक बड़ी स्कैब बीमारी फैल गई है। इसकी वजह से ग्रेड A सेबों की कमी हो गई है, खासकर उन सेबों की जिन्हें त्योहारों पर तोहफे के तौर पर पैक किया जाता है। कश्मीर फ्रूट ग्रोअर्स एंड डीलर्स एसोसिएशन के महासचिव जहूर अहद तंत्रे ने बताया कि इस बार ज्यादातर सेब प्रीमियम क्वालिटी के लायक नहीं हैं।
कश्मीर के करीब 50 प्रतिशत सेबों की गुणवत्ता गिरी
बाजार में आ रहे करीब 50 प्रतिशत सेब अब ग्रेड B या C के हैं, जिन्हें लोग ज्यादा पसंद नहीं करते। बागवानों के लिए यह बड़ी मुश्किल खड़ी हो गई है। उनकी लागत तो उतनी ही रहती है, लेकिन अच्छी कमाई सिर्फ सबसे बढ़िया गुणवत्ता के फलों से ही होती है। भले ही हर दिन कश्मीर से 400 से 500 ट्रकलोड सेब बाहर जा रहे हैं और कीमतें भी बनी हुई हैं, फिर भी किसान से लेकर खरीददार तक, हर कोई इस साल की खराब फसल से प्रभावित है।