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दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार गाड़ियों की चपेट में आ रहे जंगली जानवर, जगह-जगह शव मिले
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार गाड़ियों की चपेट में आ रहे जंगली जानवर

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार गाड़ियों की चपेट में आ रहे जंगली जानवर, जगह-जगह शव मिले

लेखन गजेंद्र
Apr 21, 2026
12:05 pm

क्या है खबर?

दिल्ली से देहरादून के लिए एक्सप्रेसवे की शुरूआत हो चुकी है और गाड़ियां फर्राटा भर रही हैं। इस बीच, एक चिंतित करने वाली वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आई है। जाह्वनी अय्यर नाम की पशुप्रेमी ने एक्स पर वीडियो साझा कर दावा किया गया है कि नया देहरादून एक्सप्रेसवे बनने के बाद जंगली जानवर असुरक्षित हो गए हैं। उन्होंने अपनी वीडियो में कई जानवरों के शव दिखाए, जो गाड़ियों की टक्कर से एक्सप्रेसवे के बीच में मरे पड़े थे।

चिंता

कुत्ते, हिरण और लोमड़ियों के शव दिखे

अय्यर ने एक्स पर वीडियो साझा कर लिखा, 'आज शामली में देहरादून एक्सप्रेसवे किसी कब्रिस्तान जैसा लग रहा था। सड़क के पूरे रास्ते पर सैकड़ों जानवर- कुत्ते, हिरण, लोमड़ियाँ और यहाँ तक कि लकड़बग्घे भी मरे पड़े थे। क्या इसी को हम विकास कहते हैं? बिना जवाबदेही के रफ़्तार का मतलब है सिर्फ नरसंहार। हाईवे इंसानों की बस्तियों को काटते हुए बनाए जा रहे हैं, लेकिन वन्यजीवों के लिए गलियारे कहां हैं?'

मांग

एक्सप्रेसवे पर बाड़ लगाने की मांग

अय्यर ने आगे लिखा, 'नुकसान कम करने के उपाय कहां हैं? इस मामले को गंभीरता से लेने से पहले, और कितनी बेज़ुबान जानें यूं ही चली जाएंगी? वन्यजीवों का भी इस धरती पर उतना ही हक है, जितना कि हमारा। हम तेज रास्तों के बदले यूं ही बेज़ुबान जानें गंवाते नहीं रह सकते।' उन्होंने कहा कि उन्होंने मांग की कि एक्सप्रेसवे पर रफ़्तार पर नियंत्रण लगे और बाड़ लगाना, अंडरपास बनाना और कड़ी निगरानी रखने का काम शुरू किया जाए।

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संरक्षण

पर्यावरण के अनुकूल बताया गया है एक्सप्रेसवे

यह 213 किलोमीटर एक्सप्रेसवे पर्यावरण के लिए अनुकूल बताया गया है। इस पर 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड वन्यजीव कॉरिडोर है, जो एशिया का सबसे लंबा कॉरिडोर है, जिससे क्षेत्र में इंसान और जानवरों के टकराव कम हो। इस क्षेत्र में बाघ, हाथी, ग्रेट हॉर्नबिल और किंग कोबरा जैसे जीव हैं। जानवरों के आने-जाने के लिए 8 पास और हाथियों के लिए 2 विशेष अंडरपास भी हैं। यातायात को सुरक्षित बनाने के लिए एडवांस्ड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ATMS) का उपयोग है।

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