असम के चिरांग में तनाव, जंगल जमीन पर कब्जे को लेकर वन विभाग पर हिंसक हमला, वाहन खाक
असम के चिरांग ज़िले में तनाव का माहौल बन गया है। भूटान सीमा के पास रनिखाटा वन कार्यालय पर लोगों की भीड़ ने हमला कर दिया। दरअसल, यह घटना तब हुई जब वन विभाग ने जंगल की आरक्षित ज़मीन पर अवैध रूप से कब्ज़ा करने के आरोप में कुछ स्थानीय लोगों को हिरासत में लिया था। शुरुआती विरोध-प्रदर्शन तो शांतिपूर्ण थे, लेकिन जल्द ही स्थिति बेकाबू हो गई। गुस्साई भीड़ ने वन विभाग के कुछ कर्मचारियों के साथ मारपीट की, सरकारी गाड़ियों में आग लगा दी और जलते हुए फर्नीचर व पत्थरों से सड़क को जाम कर दिया। हालात को संभालने के लिए पुलिस को तुरंत हस्तक्षेप करना पड़ा।
जंगल कर्मचारियों पर हमले का आरोप
यह पूरा मामला तब गरमाया जब वन अधिकारियों ने आरक्षित जंगल में अवैध गतिविधियों के संदेह में कुछ स्थानीय लोगों को रोका। पहले तो विरोध-प्रदर्शन शांतिपूर्ण ही रहा, लेकिन स्थिति तब और बिगड़ गई जब दो महिला प्रदर्शनकारियों पर कर्मचारियों द्वारा मारपीट का आरोप लगाया गया। स्थानीय निवासियों ने इस घटना में शामिल लोगों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की माँग की। हालांकि, पुलिस ने लोगों से अपील की कि वे हिंसा या सड़क जाम करने जैसे तरीकों का सहारा लेने के बजाय अपनी शिकायतें आधिकारिक रूप से दर्ज कराएं, क्योंकि अपनी बात रखने का यही सही तरीका है।