छत्तीसगढ़ के सुकमा में 26 माओवादियों का आत्मसमर्पण, 13 पर 65 लाख रुपये का इनाम
क्या है खबर?
छत्तीसगढ़ में बुधवार को नक्सल संगठन को बड़ा झटका लगा। यहां के सुकमा जिले में 26 माओवादियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करके जीवन की नई राह चुनी है। पुलिस ने बताया कि जिले में पूना मारगेम-पुनर्वास से पुनर्जीवन अभियान के तहत आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों में 7 महिला कैडर भी शामिल हैं। सभी PLGA बटालियन, दक्षिण बस्तर डिवीजन, माड़-डिवीजन और आंध्र-ओडिशा सीमा (AOB) क्षेत्र में लंबे समय तक सक्रिय थे। इनमें 13 पर 65 लाख रुपये का इनाम था।
आत्मसमर्पण
आत्मसमर्पण करने वालों में किस-किस पर कितनी थी रकम
आत्मसमर्पण करने वालों में 10 लाख रुपये के इनामी लाली उर्फ मुचाकी आयते, 8 लाख रुपये के इनामी हेमला लखमा, आसमिता उर्फ कमलू सन्नी, रामबत्ती उर्फ संध्या उर्फ पदाम जोगी, सुंडाम पाले, 5 लाख रुपये के इनामी मुचाकी संदीप उर्फ हिड़मा, मड़कम चैते उर्फ मंगली, निलेश उर्फ हेमला भीमा, 3 लाख रुपये के इनामी ताती सोमडू, मुचाकी देवा और बाकी सरिता उर्फ इरपा, वेट्टी मासा उर्फ वासु और हेमला दशरू उर्फ अजय पर 1 लाख रुपये का इनाम था।
सुविधाएं
माओवादियों से ये मिलेगी सुविधा
पुलिस अधिकारी ने बताया कि आत्मसमर्पित में CYPCM, DVCM से 1-1, PPCM और ACM से 3-3 और माओवादी पार्टी के 18 सदस्य शामिल हैं। आत्मसमर्पित नक्सलियों को छत्तीसगढ़ शासन पुनर्वास नीति-2025 के तहत 50-50 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि के साथ घोषित इनामी राशि और अन्य सुविधाएं देगी। साथ ही उन्हें कौशल विकास और स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा, ताकि वे आत्मनिर्भर बनकर सामान्य जीवन जी सकें। पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण ने बताया कि पूना मारगेम अभियान बदलाव का माध्यम है।