असम में UCC विधेयक पारित, क्या अब 'एक देश, एक कानून' की ओर बढ़ेगा भारत?
असम समान नागरिक संहिता (UCC) विधेयक पारित करने वाला भारत का तीसरा राज्य बन गया है। इससे पहले गुजरात और उत्तराखंड भी ऐसा कर चुके हैं। इस नए विधेयक का मुख्य उद्देश्य धर्म-आधारित व्यक्तिगत कानूनों को खत्म कर सभी के लिए एक समान कानून बनाना है। इसका लक्ष्य है कि हर नागरिक के साथ समान व्यवहार हो, फिर चाहे वह किसी भी धर्म या समुदाय का हो।
असम में विधेयक पास होने के बाद बहस और तेज हो गई
इस विधेयक के समर्थक कहते हैं कि UCC से महिलाओं के लिए समानता बढ़ेगी और सभी को एक ही कानूनी व्यवस्था के दायरे में लाया जा सकेगा। भारत जैसे विविधता वाले देश के लिए ये वाकई बड़े लक्ष्य हैं, लेकिन हर कोई इससे सहमत नहीं है। कुछ लोगों को डर है कि इससे उनकी धार्मिक स्वतंत्रता या अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकारों पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। असम के भी इसमें शामिल होने के बाद, इस बात पर बहस और तेज होने की पूरी उम्मीद है कि क्या सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून लाना वाकई सही और कारगर होगा।