लद्दाख के भविष्य का खाका तैयार, LAB और KDA में शासन व्यवस्था पर बनी सहमति
लेह एपेक्स बॉडी (LAB) और कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस (KDA) ने लेह में एक अहम बैठक की। इस बैठक में दोनों संगठन इस बात पर सहमत हो गए कि लद्दाख की शासन व्यवस्था भविष्य में कैसी होगी। चीफ सेक्रेटरी आशीष कुंद्रा की अगुवाई में हुई इस बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि सरकारी अधिकारियों का मूल्यांकन कैसे हो और स्थानीय लोगों की राय को फैसलों में कैसे शामिल किया जाए। कुंद्रा ने इस बैठक को काफी उत्पादक बताया। उन्होंने कहा कि सभी प्रमुख मुद्दों पर आम सहमति बन गई है।
LAB की मांग: लद्दाख के लिए चुना हुआ निकाय
LAB की मुख्य मांग है कि लद्दाख को एक ऐसा चुना हुआ निकाय मिले जिसके पास वास्तविक कार्यकारी, वित्तीय और विधायी शक्तियां हों। इससे स्थानीय लोगों को अपने क्षेत्र के मामलों पर ज़्यादा कंट्रोल मिल सके। इसके अलावा, लद्दाख के हितों को सुरक्षित रखने के लिए संवैधानिक सुरक्षा कवच (अनुच्छेद 371 जैसी व्यवस्था) शामिल करने की भी बात है।
LAB चाहता है कि सरकार जल्द ही इस मुद्दे पर आधिकारिक बातचीत शुरू करे। पूर्व मंत्री और को-कन्वीनर चेरिंग दोरजे लाकूक ने कहा कि अब इस मामले में अगला कदम सरकार को ही उठाना है। अंतिम प्रस्ताव को दिल्ली भेजने से पहले कुछ और विशेषज्ञों से भी सलाह ली जाएगी।