अमित प्रसाद का दिल्ली हाई कोर्ट जज पद पर नामांकन: 2011 की सजा के बावजूद कॉलेजियम की सिफारिश, अब जांच के घेरे में
अधिवक्ता अमित प्रसाद का नाम दिल्ली हाई कोर्ट में जज बनने के लिए चर्चा में है। उनकी 2011 की एक सजा इस चर्चा की मुख्य वजह है, जो एक जानलेवा सड़क दुर्घटना से जुड़ी है। यह दुर्घटना 1996 में हुई थी, तब प्रसाद कानून की पढ़ाई कर रहे थे। उसी मामले में 2011 में उन्हें दोषी ठहराया गया था।
जांच के बीच कॉलेजियम ने अमित प्रसाद की सिफारिश की
इस सजा के बाद प्रसाद को अच्छे व्यवहार के लिए परिवीक्षा (प्रोबेशन) मिली थी। खबर है कि उन्होंने घायल साइकिल सवार को AIIMS ले जाने में भी मदद की थी। इन सब बातों के बावजूद, दिल्ली हाई कोर्ट के कॉलेजियम ने उन्हें जज बनाने की सिफारिश की है। इस चयन प्रक्रिया में कुछ अप्रत्याशित बदलाव भी देखने को मिले हैं; कॉलेजियम ने पहले एक उम्मीदवार की सिफारिश वापस ले ली थी और 2 नए नाम जोड़े थे। यही वजह है कि अब प्रसाद के नाम की जांच राज्य और केंद्र दोनों ही स्तरों पर की जा रही है, और आगे भी इस पर कड़ी नजर रखी जाएगी।