पूर्व सांसद के परिवार पर अंधविश्वास का ग्रहण, बहू ने गौ मूत्र पिलाने और प्रताड़ना का आरोप लगाया
ठाणे पुलिस ने पूर्व शिव सेना सांसद विनायक राऊत, उनकी पत्नी और उनके बेटे के खिलाफ मामला दर्ज किया है। महाराष्ट्र के अंधविश्वास निवारण कानून के तहत यह कार्रवाई की गई है। दरअसल, यह उनकी बहू गिरिजा के आरोपों के बाद हुआ है। गिरिजा का आरोप है कि उन्हें कुछ अजीबोगरीब अनुष्ठानों के नाम पर गौ मूत्र पीने और अपने बाल नोचने के लिए मजबूर किया गया था। इस मामले में 2 कथित तांत्रिक फिरोज और काजी का नाम भी शामिल है।
बहू ने ससुराल पक्ष पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाया
गिरिजा बताती हैं कि उन्हें पति और ससुराल वालों से मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी, उन्हें भूखा रखा गया और उन पर शारीरिक हमला भी किया गया। उन्होंने बताया कि उनके पति ने ऊटी में हनीमून के दौरान शारीरिक संबंध बनाने से मना कर दिया था। इसके अलावा, पारिवारिक कार्यक्रमों में भी उन्हें अपमानित किया गया और ऑस्ट्रेलिया की यात्रा के दौरान उन पर हमला हुआ।
उनका कहना है कि ऐसे झगड़े अक्सर होते थे और सार्वजनिक जगहों पर भी इस बात का ख्याल नहीं रखा जाता था। वह यह भी आरोप लगाती हैं कि परिवार ने उन्हें कई बार अकेला छोड़ दिया था। हालांकि, राऊत परिवार की तरफ से इस मामले पर अभी तक कोई सार्वजनिक बयान नहीं आया है।