महाराष्ट्र: रॉन्ग साइड चलने से एक साल में 460 जानें गईं, 1200 से ज्यादा हादसे
पिछले साल महाराष्ट्र में गलत साइड से गाड़ी चलाने के कारण 460 लोगों की जान गई और 1,200 से ज्यादा सड़क हादसे हुए। इनमें से ज्यादातर हादसे इसलिए हुए, क्योंकि ड्राइवरों ने लंबे रास्तों से बचने के लिए जोखिम भरे छोटे रास्ते अपनाए, जिससे अक्सर गाड़ियां आमने-सामने टकरा गईं। पुलिस ने तमाम कोशिशें की, लेकिन गलत साइड से गाड़ी चलाने के लगभग 98,000 मामले दर्ज हुए, जो यह दिखाता है कि यह समस्या कितनी गंभीर बनी हुई है।
केवल मई में 19 लोगों की मौत
मई महीने में हुए 2 बड़े हादसों ने इस गंभीर खतरे को और उजागर कर दिया। 18 मई को मुंबई-अहमदाबाद हाईवे पर गलत दिशा में चल रहे एक टेम्पो की चपेट में आने से 13 लोगों की जान चली गई। वहीं, 24 मई को धुले में हुए एक अन्य हादसे में 6 लोग मारे गए। पुलिस का मानना है कि हाईवे के खराब डिजाइन और सर्विस रोड की कमी के कारण कई ड्राइवर गलत रास्ते चुन लेते हैं। पुलिस का यह भी मानना है कि सड़कों को सबके लिए सुरक्षित बनाने के लिए बुनियादी ढांचे को बेहतर करना और उन जगहों का अध्ययन करना जरूरी है जहां ज्यादा हादसे होते हैं।