फिल्म इंडस्ट्री का 'बायकॉट राज' खत्म होगा? रणवीर सिंह विवाद के बीच इस निर्माता ने कोर्ट में दी चुनौती
बॉलीवुड के अनुभवी फिल्म निर्माता टी.पी. अग्रवाल अपनी लड़ाई मुंबई सिविल कोर्ट तक ले गए हैं। उन्होंने वहां एक बड़ा सवाल उठाया है।
उन्होंने कहा आखिर FWICE और IMPPA जैसे फिल्म इंडस्ट्री के संगठनों को किसी को काम करने से रोकने का अधिकार क्यों मिलना चाहिए? उनका साफ मानना है कि किसी को भी यह तय करने का हक नहीं होना चाहिए कि किसे काम मिलेगा।
इसी को लेकर अब दोनों संगठनों को कोर्ट के नोटिस भी भेजे जा चुके हैं।
बायकॉट के खिलाफ कानूनी समाधान चाहते हैं टी.पी. अग्रवाल
टी.पी. की यह याचिका ऐसे वक्त में सामने आई है, जब इंडस्ट्री में नए सिरे से इस मुद्दे पर बहस छिड़ी हुई है।
दरअसल, हाल ही में FWICE ने अभिनेता रणवीर सिंह के खिलाफ 'नो-कोऑपरेशन' का निर्देश जारी किया था। रणवीर का यह विवाद एक्सेल एंटरटेनमेंट के साथ फिल्म 'डॉन 3' को लेकर सामने आया था।
टी.पी. का कहना है कि ऐसे बैन लोगों के करियर को नुकसान पहुंचाते हैं और उनकी रचनात्मकता को भी रोकते हैं। इसलिए, उनकी मांग है कि विवादों को इंडस्ट्री के बायकॉट के बजाय कानूनी तरीके से ही सुलझाया जाना चाहिए।