श्रेया घोषाल ने 3 महीने के अंदर खरीदा तीसरा आलीशान अपार्टमेंट, आखिर कितनी अमीर हैं गायिका?
क्या है खबर?
मशहूर प्लेबैक गायिका श्रेया घोषाल ने मुंबई के रिहायशी इलाके सांताक्रूज में एक आलीशान नया अपार्टमेंट खरीदा है। अपनी सुरीली आवाज से करोड़ों दिलों पर राज करने वाली श्रेया ने इस शानदार आशियाने के लिए 20.88 करोड़ रुपये की भारी-भरकम कीमत चुकाई है। इस प्रीमियम प्रॉपर्टी की डील के साथ ही उन्होंने 1.25 करोड़ से ज्यादा की स्टैम्प ड्यूटी भी भरी है। आइए जानते हैं श्रेया के इस नए आलीशान अपार्टमेंट के बारे में सब कुछ।
सौदा
मुंबई के सांता क्रूज में श्रेया की बड़ी डील
श्रेया ने मुंबई के रियल एस्टेट मार्केट में एक बड़ा सौदा किया है। उन्होंने अपनी मां शर्मिष्ठा घोषाल और पिता बिस्वजीत घोषाल के साथ मिलकर मुंबई के रिहायशी इलाके सांताक्रूज (वेस्ट) में एक बेहद आलीशान अपार्टमेंट खरीदा है। इस लग्जरी फ्लैट की कीमत 20.88 करोड़ बताई जा रही है। रजिस्ट्रेशन के लिए श्रेया ने लगभग 1.25 करोड़ की स्टैम्प ड्यूटी का भुगतान किया है। इस डील के लिए 30,000 की रजिस्ट्रेशन फीस दी गई है।
खासियत
श्रेया ने 'वायु' बिल्डिंग में खरीदी ऊंची मंजिल
पिछले 3 महीनों में घोषाल परिवार की ये तीसरी बड़ी खरीदारी है। हाल ही में उन्होंने वर्ली में करीब 60 करोड़ रुपये के 2 लग्जरी अपार्टमेंट खरीदे थे। इसके बाद अब उन्होंने सरोजिनी रोड स्थित 'वायु' बिल्डिंग में ये प्रॉपर्टी खरीदी है। दस्तावेजों के मुताबिक ये अपार्टमेंट 'ओम डेवलपर्स रियल्टी' से खरीदा गया है, जो 2,900 वर्ग फुट में फैला है, जिसमें 2,601 वर्ग फुट कारपेट एरिया और 299 वर्ग फुट बालकनी है। इसमें 3 कार पार्किंग स्पेस शामिल हैं।
संपत्ति
कितने करोड़ की मालकिन हैं श्रेया?
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 2026 तक श्रेया की कुल संपत्ति लगभग 185 करोड़ से 240 करोड़ के बीच आंकी गई है। वो बॉलीवुड की सबसे महंगी गायिकाओं में से एक हैं। श्रेया एक गाने के लिए करीब 25 लाख रुपये तक चार्ज करती हैं। श्रेया देश-विदेश में बड़े लाइव शो करती हैं, जो उनकी आय का एक बड़ा हिस्सा हैं। वो 'इंडियन आइडल' जैसे बड़े म्यूजिक रियलिटी शो में जज के तौर पर भी मोटी फीस लेती हैं।
सफरनामा
'देवदास' से शुरू हुआ था श्रेया के सुरों का सफर
श्रेया ने अपने प्लेबैक करियर का आगाज संजय लीला भंसाली की फिल्म 'देवदास' से किया था। उनके पहले ही गाने 'बैरी पिया' ने देशभर में धूम मचा दी और उन्हें 'सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्व गायिका' का राष्ट्रीय पुरस्कार दिलाया। एक नए कलाकार के लिए इस तरह की शुरुआत किसी सपने से कम नहीं थी। 'देवदास' के बाद श्रेया ने केवल हिंदी ही नहीं, बल्कि बंगाली, तमिल, तेलुगू और कन्नड़ सहित कई क्षेत्रीय भाषाओं में अपनी जादुई आवाज का लोहा मनवाया।