'सतलुज': विवादों के बीच जम्मू के गुरुद्वारे में दिखाई गई दिलजीत दोसांझ की फिल्म
मनोरंजन
मशहूर गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ की फिल्म 'सतलुज', जो मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालरा की सच्ची कहानी पर आधारित है, रिलीज होने के सिर्फ 2 दिन बाद ही ZEE5 से हटा ली गई। फिल्म को अचानक हटाए जाने के विरोध में और इसे वापस प्लेटफॉर्म पर लाने की मांग को लेकर एक विरोध मार्च भी निकाला गया। इसी बीच फिल्म को लोगों तक पहुंचाने के लिए जम्मू के एक गुरुद्वारे में इस फिल्म की स्पेशल स्क्रीनिंग रखी गई, ताकि लोग इसे देख सकें।
स्क्रीनिंग से अभिव्यक्ति की आजादी पर बहस तेज
समुदाय की तरफ से की गई इस खास स्क्रीनिंग ने भारत में सेंसरशिप और अभिव्यक्ति की आजादी को लेकर चल रही बहस को फिर से गरमा दिया है। फिल्म 'सतलुज', जो जसवंत सिंह खालरा के जीवन पर आधारित है, ये दिखाती है कि कला कैसे जरूरी बातचीत शुरू कर सकती है, भले ही उस पर पाबंदी लगाई जाए।