श्रीधर वेंबू ने अमेरिका में रहने वाले भारतियों से वापस लौटने का किया आग्रह
सॉफ्टवेयर कंपनी जोहो के सह-संस्थापक श्रीधर वेंबू ने फिर से अमेरिका में अस्थायी वीजा पर काम करने वालों भारतीय पेशेवरों से वतन लौटने की अपील की है।
उन्होंने कहा कि यह कदम भले ही आपको मुश्किल लगे और आपको त्याग भी करना पड़े, लेकिन आत्म-सम्मान के रास्ते को चुनना चाहिए।
अमेरिका के गृह विभाग (DHS) की ओर से अस्थायी वीजा धारकों के लिए ग्रीन कार्ड प्रक्रिया को सख्त किए जाने के बाद वेंबू का यह बयान सामने आया है।
वतन वापसी पर छिड़ी बहस
वेंबू के इस मैसेज ने विदेश में काम करने वाले भारतीयों को जिन मुश्किल फैसलों का सामना करना पड़ता है, उन पर अब नए सिरे से बहस छिड़ गई है। इन मुश्किलों में ग्रीन कार्ड के लिए लंबा इंतजार और H-1B वीजा को लेकर बनी अनिश्चितता शामिल है।
उनके समर्थक भारत के बढ़ते स्टार्टअप इकोसिस्टम, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में हो रही तेजी से प्रगति और मजबूत हो रहे डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की तरफ ध्यान दिलाते हुए कहते हैं कि ऐसे में भारत लौटना एक समझदारी भरा कदम साबित हो सकता है।
खुद वेंबू ने तमिलनाडु के छोटे शहर तेनकासी में जोहो के कामकाज का विस्तार किया है। उनके इस कदम से यह भी साबित होता है कि जब स्थानीय प्रतिभाओं को अवसर मिलते हैं तो वे भी खूब आगे बढ़ सकते हैं।