टाटा स्टील विस्तार और अपग्रेड के लिए करेगी 20,000 करोड़ रुपये का निवेश
टाटा स्टील ने वित्त वर्ष 2027 में अपग्रेड और विस्तार के लिए 20,000 करोड़ रुपये का भारी निवेश करने का मन बनाया है। यह रकम पिछले साल के मुकाबले 38 फीसदी ज्यादा है।
इस कुल राशि का लगभग 60 फीसदी हिस्सा कंपनी अपने भारतीय परिचालन में लगाएगी। भारत में टाटा स्टील का मुख्य ध्यान टिनप्लेट और वायर उत्पादन की क्षमता बढ़ाने पर रहेगा।
इसके अलावा, कंपनी तारपुर में एक नई हॉट रोल्ड पिक्लिंग एंड गैल्वनाइजिंग लाइन (HRPGL) स्थापित करेगी और जमशेदपुर में एक कोक ओवन प्लांट भी बनाएगी।
कंपनी का उत्पादन क्षमता बढ़ाने का लक्ष्य
कंपनी का लक्ष्य अपनी स्टीलमेकिंग क्षमता को 3.60 करोड़ टन से बढ़ाकर 5 करोड़ टन प्रति वर्ष से ज्यादा करना है। इस लक्ष्य को हासिल करने में भारत की भूमिका काफी अहम रहेगी।
इस दिशा में कंपनी कई प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है। इनमें नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड का विस्तार, पंजाब में एक नए इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस को चालू करना और गड़चिरोली आयरन ओर हब के लिए साझेदारी करना शामिल है।
टाटा स्टील सिर्फ विस्तार पर ही नहीं, बल्कि खनन इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्रीनर टेक्नोलॉजी में भी निवेश कर रही है। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) और प्रबंध निदेशक (MD) टीवी नरेंद्रन और कार्यकारी निदेशक और मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) कौशिक चटर्जी ने बताया कि ये कदम सस्टेनेबल स्टीलमेकिंग को बढ़ावा देने और सप्लाई चेन को मजबूत बनाने के लिए बेहद जरूरी हैं।